मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने शुक्रवार को आदिबद्री में बनने वाले डैम स्थल का निरीक्षण किया। नारायण मंदिर के समीप सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को डैम के बारे में जानकारी दी। बता दें मुख्यमंत्री मनोहर लाल 21 जनवरी को हिमाचल के मुख्यमंत्री के साथ यहां पानी के बंटवारे को लेकर समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि डैम के निर्माण को लेकर अधिक भूमि की आवश्यकता पड़े तो इस बारे में आसपास के ग्रामीणों से बात करें। किसानों को उनकी भूमि का उचित मूल्य दिया जाएगा। इसके पश्चात मुख्यमंत्री ने रामपुर गेढ़ा के समीप बनने वाले बैराज के स्थान का निरीक्षण किया। बैराज के निर्माण से बरसात के सीजन में सोमनदी के उफान पर आने से कई लाख क्यूसेक पानी को एकत्रित कर सिंचाई व अन्य कार्य के लिए उपयोग किया जा सकेगा। इतना ही नहीं गांव पीपली वाला से गुजरते हुए सीएम के काफिले को रोक सीएम ने ग्रामीणों से विकास, बिजली पानी व्यवस्था व रोजगार के बारे में विचार विमर्श किया।
जगाधरी-पौंटा साहिब रोड पर सम्राट मिहिर भोज गुरुकुल विद्यापीठ का निर्माण करीब 20 बीघे में 25 करोड़ की लागत से होगा। इसका नक्शा तैयार होने के बाद शुक्रवार को मुख्यमंत्री ने इसकी आधारशिला रखी।
उन्होंने कहा कि गुरुकुल शिक्षा प्रणाली से हमें शिक्षा के साथ ही संस्कार भी मिलते हैं और हर समस्या का हल संस्कारों से है। उन्होंने कहा कि वे 1983 में गुरुकुल शिक्षण संस्थान देवधर के संरक्षक ओम प्रकाश गांधी से मिले थे और उनके आदर्शों का उनके जीवन में प्रभाव है। यही कारण है कि उन्होंने हमेशा महिला शिक्षा को बढ़ावा देने का काम किया है।