दो साल पहले फर्जी असेसमेंट व फर्जी सेलडीड करने के मामले में दर्ज केस में पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। इस मामले में लोकायुक्त ने पुलिस उप महानिदेशक व पुलिस अधीक्षक से जवाब मांगा है। लोकायुक्त ने 22 फरवरी को उन्हें जवाब देने के आदेश दिए गए हैं।
उल्लेखनीय है कि दशमेश कालोनी निवासी तेजपाल का कॉलोनी के ही हेमंत के साथ संपत्ति विवाद चल रहा है। इस संपत्ति की फर्जी सेल डीड व असेसमेंट तैयार कराए गए। इन फर्जी दस्तावेजों पर इस संपत्ति पर बैंक से लोन भी लिया गया। मामले को लेकर तेजपाल ने पुलिस को शिकायत दी, लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। बाद में उसने कोर्ट में याचिका लगाई।
कोर्ट के आदेश पर शहर थाना में तत्कालीन तहसीलदार समेत पूर्व मेयर व एमसी समेत 12 लोगों पर केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने केस दर्ज करने के बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की। इस बीच तेजपाल ने लोकायुक्त में याचिका दाखिल कर दी। लोकायुक्त ने नोटिस जारी कर इस केस के बारे में जवाब मांगा। जिस पर पुलिस ने इस केस को रद्द करने की रिपोर्ट दी। पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता साहब सिंह गुर्जर का कहना है कि इस केस को डेढ़ वर्ष से अधिक बीत चुका है, लेकिन अभी तक केस कैंसिलेशन अनुमति के लिए कोर्ट में नहीं भेजा गया है, ताकि आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई लटकी रहे। अब इस केस में लोकायुक्त ने संज्ञान लिया है। लोकायुक्त के पास केस से संबंधित दस्तावेज व सबूत दिए गए हैं। जिसके आधार पर लोकायुक्त ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। लोकायुक्त ने पुलिस उप महानिदेशक व पुलिस अधीक्षक से 22 फरवरी तक रिपोर्ट मांगी है।