संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। माइनिंग की गाड़ी को छोड़ने की एवज में 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) पंचकूला की टीम ने होमगार्ड सुमित को गिरफ्तार किया है। टीम ने होमगार्ड को रविवार को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजा दिया है। पूछताछ में सामने आया कि रणजीतपुर पुलिस चौकी के मुंशी लाेकेश के कहने पर वह शिकायतकर्ता से रुपये लेने के लिए आया था। आरोपी मुंशी लोकेश को निलंबित कर दिया गया। वहीं चौकी प्रभारी मनोज कुमार को लाइन हाजिर किया गया है।
शिकायतकर्ता गांव जाटोवाला निवासी आरिफ ने बताया कि माइनिंग विभाग ने रणजीतपुर में एक महीना पहले उसकी गाड़ी को माइनिंग करने के आरोप में जब्त किया था। यह गाड़ी रंजीतपुर पुलिस चौकी रणजीतपुर में खड़ी थी। गाड़ी को छुड़वाने के लिए वह बिलासपुर कोर्ट गया था। वहां से उसे 15 मई को गाड़ी छुड़ाने के आदेश प्राप्त हो गए थे। इसके बाद रणजीतपुर चौकी पहुंच कर मुंशी लोकेश राणा से मिला।
तब मुंशी ने गाड़ी को छोड़ने की एवज में होमगार्ड सुमित के जरिये 15 हजार की रिश्वत मांगी। इस पर उसने कहा कि उसे पहले ही काफी नुकसान हो चुका है। उसका हाथ काफी तंग चल रहा है, वह यह राशि नहीं दे सकता। लेकिन मुंशी यह राशि लेने के लिए अड़ा रहा। इसके बाद शिकायतकर्ता ने तीन हजार रुपये देने की बात कही। लेकिन मुंशी नहीं माना। किसी तरह से सौदेबाजी 10 हजार रुपये में हो गई।
इस तरह से पकड़ा गया होमगार्ड
इसके बाद आरिफ ने परेशान होने के बाद एंटी करप्शन ब्यूरो को शिकायत दी। इसके बाद टीम ने उसे पकड़ने के लिए जाल बिछाया। योजना के तहत शनिवार को आरिफ ने मुंशी लोकेश को काल की। लोकेश ने उन्हें रात लगभग साढे आठ बजे रणजीतपुर पुलिस चौकी के पास बुलाया। वहां रुपये लेने के लिए उसने होमगार्ड भमनौली निवासी सुमित को भेज दिया। जैसे ही आरिफ ने रिश्वत की रकम होमगार्ड सुमित को दी। ब्यूरो की टीम ने इशारा मिलते ही उसे दबोच लिया। टीम आरोपी मुंशी लोकेश की तलाश में जुटी है।