हरियाणा के यमुनानगर में जहरीली शराब पीने से 22 लोगों की मौत हो चुकी है। शराब मामले में थाना फर्कपुर व थाना छप्पर में केस भी दर्ज हो चुके हैं। इन दोनों मामलों की जांच के लिए एसपी गंगाराम पूनिया ने दो एसआईटी बनाई है। एक एसआईटी थाना फर्कपुर और दूसरी थाना छप्पर में दर्ज केस की जांच करेंगी। उधर, जहरीली शराब प्रकरण मामले मेंगिरफ्तार सात आरोपियों में से छह का रिमांड 15 नवंबर को खत्म होगा।
बुधवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया जाएगा। मामले में कई गिरफ्तारियां होनी बाकी हैं, ऐसे में पुलिस उन्हें दोबारा रिमांड पर ले सकती है। सात आरोपियों में मंडेबरी गांव का रमेश उर्फ भिंडी भी था, लेकिन गिरफ्तारी से पहले उसने भी जहरीली शराब पी ली थी। जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे पीजीआई चंडीगढ़ में भर्ती कराया गया। सोमवार को पीजीआई में उसकी मौत हो गई थी।
पुलिस ने जांच के लिए जो दो एसआईटी बनाई है उनके इंचार्ज डीएसपी यमुनानगर राजेश व डीएसपी हेड क्वार्टर कंवलजीत सिंह होंगे। डीएसपी राजेश थाना फर्कपुर में दर्ज एफआईआर की जांच करेंगे। मंडेबरी, पंजेटो का माजरा, फूंसगढ़ में जहरीली शराब पीने से हुई मौत के केस इसी थाने में दर्ज हैं।
एसआईटी में डीएसपी राजेश के अलावा सीआईए-टू की टीम, फर्कपुर चौकी के इंचार्ज एएसआई मनोज व थाना फर्कपुर की एसएचओ शीलावंती को शामिल किया गया है। जबकि सारन गांव में जहरीली शराब पीने से हुई मौत के बाद थाना छप्पर में मृतक के बेटे कीशिकायत पर केस दर्ज हुआ था।
इस केस की जांच के लिए गठित एसआईटी के इंचार्ज डीएसपी हेड क्वार्टर कंवलजीत होंगे। उनके साथ सीआईए-वन, एसएचओ थाना छप्पर भी होंगे। बिलासपुर क्षेत्र में जो मामले सामने आए हैं उनकी सुपरविजन डीएसपी जगाधरी करेंगे।
गैंगस्टर मोनू राणा का शराब ठेके में था हिस्सा
गिरफ्तार आरोपियों से रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में पता चला है कि गैंगस्टर मोनू राणा का फूंसगढ़ स्थित शराब के ठेके में हिस्सा था। अंबाला पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपी मोगली दोनों दोस्त हैं। मोनू राणा से मोगली की दोस्ती जेल में हुई थी।
जल्द ही और गिरफ्तारी होंगी: एसपी
यमुनानगर के एसपी गंगा राम पूनिया ने बताया कि इस मामले में अभी कुछ और लोगों की गिरफ्तारी हो सकती है।गिरफ्तार आरोपियों का रिमांड बुधवार को खत्म होगा। सभी थाना व चौकी प्रभारियों के साथ बैठक की गई है। सभी प्रभारियों को कहा गया है कि उनके एरिया में कोई भी व्यक्ति अवैध रूप से शराब बेचने न पाए।