बाइक चोरी के मामलों में जेल से रिहा होते ही आरोपी ने फिर से वारदात को अंजाम देना शुरू किया। गुप्त सूचना पर उसे एक्टिवा चोरी की वारदात के बाद फरार होने से पहले एंटी व्हीकल थैफ्ट सेल ने धर-दबोचा। आरोपी से पूछताछ में पता चला कि वह चोरी के वाहनों पर यूपी में शराब तस्करी की वारदात को अंजाम देता था।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि सेल के इंचार्ज सहायक उप निरीक्षक रमेश कुमार को सूचना मिली कि राहुल निवासी डाबर (सहारनपुर) ने बाइक चोरी की वारदात में जेल से रिहा होने के बाद गीता भवन मंदिर यमुनानगर से एक बाइक व इलाहाबाद बैंक यमुनानगर के पास से एक एक्टिवा चोरी की है। वह चोरी की एक्टिवा को जमीदारा पेट्रोल पंप के पास से लेकर जाएगा।
सेल के इंचार्ज सहायक उप निरीक्षक रमेश कुमार ने सूचना के आधार पर नाकाबंदी कर गुरुवार को आरोपी राहुल को चोरी की एक्टिवा सहित मौके से काबू किया। पुलिस पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि उपरोक्त बाइक को चोरी करने के बाद उसे उतर प्रदेश ले गया था और उस पर शराब तस्करी शुरू कर दी थी। आरोपी से बाइक व एक्टिवा बरामद करने के बाद उसके खिलाफ केस दर्ज कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
बाइक चार गिरोह के तीन आरोपी और गिरफ्तार: पुलिस प्रवक्ता ने कहा कि आरोपी तनजीम निवासी सहारनपुर अपने साथियों के साथ जिले से बाइक चोरी की वारदातों को अंजाम देता था। पुलिस ने तनजीम को गुप्त सूचना के आधार पर पहले ही गिरफतार कर जेल भेज दिया था। इस दौरान आरोपियों से चोरी की सात बाइक बरामद हुई थी। जबकि आरोपी तनजीम अन्य साथी शेरखान, सद्दाम, नावेद निवासी सहारनपुर पुलिस की गिरफ्त से बाहर थे, लेकिन एंटी सेल ने तीनों को काबू कर लिया है।