बिलासपुर। राजकीय महाविद्यालय अहड़वाला में भारत सरकार के आयुष मंत्रालय के अंतर्गत लाल बहादुर शास्त्री महिला आयुर्वेदिक महाविद्यालय एवं अस्पताल के सहयोग से विद्यार्थियों का प्रकृति परीक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में लाल बहादुर शास्त्री महिला आयुर्वेदिक महाविद्यालय एवं अस्पताल के शलाक्या विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. निशा और काया चिकित्सा विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. आरसाइनाथ पिल्लई ने सहयोग दिया। डॉ. निशा ने कहा कि भगवान धन्वंतरी आयुर्वेद के जनक हैं। आयुर्वेद का मूल उद्देश्य मानव को सुखी, स्वस्थ एवं निरोग रखकर दीर्घायु प्रदान करना है।
डाॅ. निशा व डाॅ. आरसाइनाथ पिल्लई ने प्रकृति परीक्षण की जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि 184 विद्यार्थियों का प्रकृति परीक्षण एप से संबंधित रजिस्ट्रेशन करवाया गया। प्राचार्या ने विद्यार्थियों को आयुर्वेद से संबंधित जानकारी प्रदान करते हुए कहा प्राचीन काल से ही भारत आयुर्वेद से जुड़ा हुआ है। भारतीय आयुर्वेद में सभी प्रकार की बीमारियों का प्राकृतिक रूप से इलाज किया जाता हैं। संवाद