सोनीपत। जिले में लगातार दूसरे दिन मंगलवार को तड़के और फिर शाम को तेज हवा के साथ हुई बूंदाबांदी से खेतों में पक कर तैयार धान की फसल गिर गई। इससे उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। फसल को नुकसान की आशंका ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। बूंदाबांदी के बाद लोगों ने ठंड महसूस की। कृषि विशेषज्ञों ने बारिश से धान की फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई है।
बूंदाबांदी के दौरान चली हवा के कारण जिले के विभिन्न स्थानों पर खेतों में धान की फसल जमीन पर बिछ गई है। इससे पैदावार में कमी आने की आशंका है। किसानों का कहना है कि खेतों में पानी भर गया है, जिससे कटाई की प्रक्रिया प्रभावित हुई। कुछ स्थानों पर धान के दाने काले पड़ने की आशंका जताई जा रही है, जिससे गुणवत्ता पर असर पड़ेगा।
गोहाना, राई, गन्नौर और खरखौदा क्षेत्रों से धान की फसल गिरने का पता लगा है। किसान अब तेज धूप निकलने का इंतजार कर रहे हैं ताकि कटाई-कढ़ाई सुचारू रूप से शुरू की जा सके। जहां फसल गिरी है वहां दो से पांच फीसदी तक नुकसान की आशंका है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के चलते कई दिनों से पूर्वी हवा नमी लेकर जिले में पहुंच रही थी। वहीं उत्तर पर्वतीय क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ विकसित होने के कारण सोमवार से ही मौसम का मिजाज बदल गया था। सोमवार देर शाम के बाद मंगलवार तड़के और फिर शाम को बूंदाबांदी हुई।
मंगलवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री व न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। एक दिन पहले अधिकतम तापमान 28 डिग्री व न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस था। वातावरण में नमी और लगातार जारी बूंदाबांदी ने हवा में ठंडक बढ़ा दी है।
भीगने के बाद कम हुई धान की कीमत
अक्तूबर में बारिश के चलते भीगने से धान के भाव में गिरावट आई है। मंगलवार को बूंदाबांदी के कारण एक तरफ जहां सोनीपत अनाज मंडी में धान की आवक में गिरावट आई, वहीं धान का भाव भी कम हो गया। मंगलवार को हाथ से कटी हुई धान की किस्म 1509 का भाव जहां 3150 रुपये अधिकतम रहा, वहीं मशीन से कटे हुए धान का भाव 2800 रुपये प्रति क्विंटल अधिकतम रहा। जबकि इससे पहले मशीन से कटा हुआ धान तीन हजार रुपये प्रति क्विंटल तक बना हुआ था।
मंगलवार को खाली रही मंडी, आवक घटी
धान के भावों में आई कमी का असर सोनीपत अनाज मंडी में होने वाली धान की आवक पर भी दिखाई दिया। सोनीपत अनाज मंडी मंगलवार को खाली नजर आई। काफी कम संख्या में किसान अपना धान लेकर मंडी में पहुंचे। अब तक सोनीपत अनाज मंडी में बनाए गए पीआर धान खरीद केंद्र पर 1470 क्विंटल धान की ही खरीद हो पाई है।
वर्जन
पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम बदला है। उत्तर-पश्चिमी हवा सक्रिय है जो तापमान को कम करेगी। आने वाले दिनों में हल्की ठंड की शुरुआत होगी। किसानों को धान की फसल में पानी नहीं भरने देने की सलाह दी गई है।-डॉ. प्रेमदीप, मौसम वैज्ञानिक, केवीके सोनीपत।