सोनीपत। गन्नौर जीटी रोड किनारे विकसित की जा रही अंतरराष्ट्रीय फल-फूल एवं बागवानी मार्केट का निर्माण जून तक पूरा करने का दावा किया जा रहा है। 11 साल में अब तक 60 फीसदी हो चुका है। 537 एकड़ में विकसित की जा रही अंतरराष्ट्रीय बागवानी मार्केट एशिया की सबसे बड़ी मार्केट होगी। इसके निर्माण पर करीब 2600 करोड़ खर्च हो रहे हैं।
फरवरी 2014 में कांग्रेस की सरकार के दौरान वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने अंतरराष्ट्रीय मार्केट का शिलान्यास किया था लेकिन काम शुरू नहीं हो पाया था। मार्केट परिसर में 17 शेड का निर्माण कराया जा रहा है। हरियाणा इंटरनेशनल हॉर्टिकल्चर मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने मई 2023 में मार्केट का निर्माण शुरू कर मई 2025 में पूरा करने का लक्ष्य रखा था।
ढाई साल से निर्माण तेज नहीं हुआ तो सरकार ने निर्माण कार्य पूरा करने का समय एक साल बढ़ाया था। हरियाणा इंटरनेशनल हॉर्टिकल्चर मार्केटिंग कार्पोरेशन लिमिटेड ने वर्ष 2022 में मार्केट विकसित करने के लिए 2 हजार करोड़ रुपये का टेंडर लगाया था। इसमें महज एक ही कंपनी ने 2450 करोड़ रुपये का टेंडर भरा था।
तय राशि से 450 करोड़ ज्यादा होने के कारण टेंडर आवंटित नहीं किया जा सका था। तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अधिकारियों को दोबारा टेंडर लगाने के लिए कहा था। महंगाई के बीच निर्माण की लागत ज्यादा होने से 2600 करोड़ का टेंडर दिया था। हैदराबाद की नागार्जुन कंस्ट्रक्शन कंपनी ने वर्ष 2023 से मार्केट विकसित करने का कार्य शुरू कर रखा है।
मार्केट परिसर में बनाए जा रहे 17 शेड
बागवानी मार्केट में 17 बड़े शेड बनाए जा रहे हैं। इनमें तीन शेड पूरी तरह वातानुकूलित होंगे, जिनमें फूल मार्केट व फिश मार्केट बनाई जाएगी। इसके अलावा सेब का शेड, प्याज का शेड, टमाटर, आलू समेत डेयरी उत्पाद, फूल, फल व सब्जियों की मार्केट, किसान बाजार के लिए अलग शेड की व्यवस्था होगी। इस मार्केट में देश के 14 राज्यों से माल पहुंचेगा, जिससे लोगों के लिए रोजगार के रास्ते खुलेंगे।
अंतरराष्ट्रीय फल, फूल एवं बागवानी मार्केट का निर्माण जून तक पूरा कर लिया जाएगा। उसके मार्केट को चालू कर दिया जाएगा। मार्केट में 60 फीसदी काम पूरा कर लिया है।
- सुभाष, कार्यकारी अभियंता, हरियाणा इंटरनेशनल हॉर्टिकल्चर मार्केटिंग कार्पोरेशन लिमिटेड