खरखौदा। मांगों को लेकर हड़ताल पर चल रहे ग्रामीण सफाई कर्मचारियों ने मंगलवार को दूसरे दिन भी खंड विकास एवं पंचायत कार्यालय में धरना दिया। उन्होंने दोहराया कि मांगों को मानना ही होगा। अगर सरकार हठधर्मिता अपनाती है तो वह भी पीछे नहीं हटेंगे।
सफाई कर्मियों ने कहा कि गांव में सफाई करने में कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। अभी भी गांव के सरपंचों की ओर से सफाई कर्मचारियों से मनमाने तरीके से कार्य करवाए जाते हैं। अगर सफाई कर्मचारी सरपंच के कहे अनुसार कार्य नहीं करते हैं तो उनकी हाजिरी काट दी जाती है।
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उनकी झूठी शिकायत तक करके वेतन कटवा दिया जाता है। यहीं नहीं उन्हें नौकरी तक से हटाने की धमकी दी जाती है। कई कर्मचारियों को अलग-अलग समय पर नौकरी से हटाया गया है। ऐसे में उनकी मांग है कि हटाए गए कर्मचारियों की निष्पक्षता से सूची तैयार कराते हुए उन्हें दोबारा नियुक्त किया जाए।
सफाई कर्मियों के धरने को कई अन्य यूनियनों ने भी अपना समर्थन दिया। वहीं, सफाई कर्मियों ने बीडीपीओ सुरेंद्र आर्य के साथ बैठक की जिसमें उन्होंने आश्वासन दिया कि खंडस्तरीय समस्याओं का वह प्राथमिकता से निदान करेंगे। इस दौरान सुनीता, रेखा, सोनिया, प्रतीक भी मौजूद रहे।