सोनीपत। प्रदेश के अकेले मोतीलाल नेहरू स्पोर्ट्स स्कूल राई में दाखिले के लिए फर्जीवाड़े की आशंका है। छात्रों की कम उम्र दिखाकर प्रमाण पत्र बनवाए जा रहे हैं और उनके सहारे दाखिला के लिए आवेदन किए जाते हैं। इस फर्जीवाड़े को पकड़ने के लिए स्कूल के कार्यवाहक प्रिंसिपल एवं डीसी श्यामलाल पूनिया ने छात्रों की मेडिकल जांच कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग को पत्र भेजा है। चिकित्सकों का बोर्ड उन सभी छात्रों की जांच करेगा, जिनके दाखिले के लिए फर्जीवाड़े का शक है। अगर उम्र प्रमाण पत्र में फर्जीवाड़ा मिला तो कार्रवाई होगी।
राई स्पोर्ट्स स्कूल में हर साल दाखिला के लिए मारामारी रहती है, क्योंकि प्रदेश में अकेला स्पोर्ट्स स्कूल है। वहां सभी कक्षाओं में दाखिला के लिए उम्र निर्धारित की गई है और उसके तहत ही स्कूल में आवेदन मांगे जाते हैं। लेकिन स्कूल में दाखिले के लिए उम्र के फर्जी प्रमाण पत्र को फार्म के साथ लगाया जा रहा है। इसका शक होने पर स्कूल के कार्यवाहक प्रिंसिपल एवं डीसी श्यामलाल पूनिया ने फैसला लिया कि जिन छात्रों की उम्र ज्यादा होने का शक है, उनकी मेडिकल जांच कराई जाएगी। उन सभी की उम्र का चिकित्सकों के बोर्ड से पता कराया जाएगा और उसके बाद ही उनको दाखिला मिलेगा।
शारीरिक गतिविधि में भारी पड़ते हैं ज्यादा उम्र वाले छात्र
स्पोर्ट्स स्कूल में दाखिले के लिए जहां लिखित परीक्षा होती है, वहीं शारीरिक क्षमता देखने के लिए भी दौड़, कूद, बॉल फेंकने समेत अन्य गतिविधियां कराई जाती हैं। यह माना जाता है कि लिखित परीक्षा में ज्यादा उम्र होने से कोई फर्क नहीं पड़ता है, लेकिन शारीरिक दक्षता परीक्षा में ज्यादा उम्र वाले छात्र भारी पड़ते हैं। इसलिए ही मेडिकल जांच कराने का फैसला लिया गया है।
स्पोर्ट्स स्कूल में दाखिला के लिए ज्यादा उम्र के छात्रों का परिजनों ने फर्जी प्रमाण पत्र बनवाकर आवेदन कर दिया है, इस तरह का शक है। इसके लिए ही ऐसे छात्रों की मेडिकल जांच कराई जाएगी और इसके लिए स्वास्थ्य विभाग को पत्र भेजा गया है। - श्यामलाल पूनिया, डीसी एवं प्रिंसिपल स्पोर्ट्स स्कूल