मयूर विहार निवासी अभिषेक के पिता सत्यनारायण नैन ने कहा कि भारतीय टीम ओलंपिक में शानदार खेल दिखा रही है। क्वार्टर फाइनल की बाधा को दूर कर टीम सेमीफाइनल में गई है। उन्होंने कहा कि क्वार्टर फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम दस खिलाड़ी के साथ खेती है। पहले 12 मिनट में ही रेड कार्ड मिलने पर एक खिलाड़ी के बाहर होने के बाद भी देश को जीत मिली है। अब एक ही तमन्ना टीम स्वर्ण पदक लेकर ही लौटे। उन्होंने कहा कि उनका बेटा अभिषेक पहली बार ओलंपिक में गया है। वह लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। जिससे सभी को गर्व की अनुभूति होती है।
वहीं, अभिषेक की मां सूरत देवी ने बताया कि भारतीय टीम के साथ बेटे के प्रदर्शन से काफी खुश हूं। अभिषेक जी जान लगाकर खेल रहा है। भारतीय टीम की जितनी तारीफ करें उतनी कम है। करीब 48 मिनट तक 10 खिलाड़ियों के साथ खेल कर भी टीम ने जीत हासिल की है। भारतीय टीम के प्रदर्शन से इस बार स्वर्ण पदक की आस है। पूरी टीम प्रशिक्षक के मार्गदर्शन में आगे बढ़ रही है।
उधर गांव कुराड़ निवासी सुमित के भाई जयसिंह ने बताया कि रोमांचक मुकाबले में भारतीय टीम को मिली जीत से सभी को खुशी है। उन्होंने बताया कि मुकाबले के दौरान एक सेकंड भी टीवी से नजर नहीं हट रही थी। भारतीय टीम ने अद्भुत प्रदर्शन किया है। हमें पूरी उम्मीद है कि भारतीय टीम ओलंपिक में देश को स्वर्ण पदक जरूर दिलाएगी। सुमित के मुकाबले में जीत के बाद टीशर्ट उतारकर लहराने पर जय सिंह ने कहा कि जीत सभी के लिए बड़ी होती है। जज्बे के साथ मिली जीत के लिए भाई ने टीशर्ट उतारकर अपनी खुशी जाहिर की है। मेरे भाई अमित पहले हॉकी खेलते थे। जिन्हें देखकर छोटे भाई ने हॉकी थामी थी। उनके प्रशिक्षक नरेश ने उन्हें आगे बढ़ाने में बहुत बड़ी भूमिका निभाई है।