भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष एवं प्रदेश के पूर्व पुलिस महानिदेशक महेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि कुश्ती में चल रही चौधर की लड़ाई देश व पहलवानों के लिए हानिकारक सिद्ध हो रही है। ऐसे में पहलवान अपना कर्म व धर्म न छोड़ें और खेलने से इंकार न करें। अगर खिलाड़ी खेलने से इंकार करेंगे तो देश के साथ ही उन्हें भी नुकसान होगा। महेंद्र सिंह मलिक सोमवार को रतनगढ़ रोड पर भारतीय महिला कुश्ती टीम के मुख्य प्रशिक्षक रहे कुलदीप सिंह मलिक की कुश्ती अकादमी के शुभारंभ अवसर पर बतौर मुख्यातिथि पहुंचे थे।
महेंद्र मलिक ने भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृज भूषण शरण सिंह व ओलंपियनों के विवाद पर महेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि इस समय कुश्ती में चौधर की जंग चल रही है। अध्यक्ष पद के चुनाव में बृजभूषण शरण सिंह को अपनी हार नजर आ रही है। यही कारण है कि वह विवाद पैदा कर रहे हैं।
महेंद्र सिंह मलिक ने पहलवानों को सलाह दी है कि वह प्रदर्शन का कोई भी तरीका अपनाएं, लेकिन अपना खेल जारी रखें। खेलने से इंकार करना किसी समस्या का हल नहीं है। कुश्ती खिलाड़ियों का कर्म और धर्म दोनों हैं। ऐसे में खिलाड़ियों का खेल से इंकार करना देश के हित में नहीं है।
वहीं इससे खिलाड़ियों को भी नुकसान होगा। उन्होंने कहा कि विरोध हमेशा से कुश्ती का आधार रहा है, कुश्ती में दूसरा पहलवान विरोधी होता है। उन्होंने कहा कि ट्रायल में योग्य पहलवान का ही चयन किया जाना चाहिए, उसे ही देश का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिलना चाहिए। ऐसे में खिलाड़ियों को अपना कर्म करते रहना चाहिए।
महेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि सोनीपत में पुलिस कमिश्नरी बनने से अपराध कम होगा। उन्होंने पुलिस कमिश्नर बी सतीश बालन की तारीफ करते हुए कहा कि कमिश्नरेट बनने से छोटे मामले पुलिस अपने स्तर से ही निपटा सकेगी। अपराधों पर अंकुश लगेगा। कुश्ती अकादमी के उद्घाटन के दौरान अकादमी में प्रशिक्षण ले रहे पहलवानों के बीच कुश्ती के मुकाबले भी करवाए गए।
इस दौरान भारतीय महिला हॉकी टीम की पूर्व कप्तान एवं प्रशिक्षक प्रीतम सिवाच, ओमप्रकाश दहिया, रामबीर खोखर, राजसिंह छिक्कारा, सेवानिवृत्त कर्नल संत कुमार, साक्षी मलिक के ससुर पहलवान सत्यवान, पहलवान सतेंद्र, सरिता मोर, सोनम मलिक, ज्ञान सिंह सहरावत, राजकुमार, जगबीर सिंह, शमशेर सिंह, ओम सिंह जागलान, दिलबाग खत्री, नरेंद्र सूरा, बिजेंद्र हुड्डा, अजय मलिक सहित अन्य मौजूद रहे।