संयुक्त किसान मोर्चा (गैर राजनीतिक) के दिल्ली कूच के आह्वान के बाद दिल्ली पुलिस व अर्धसैनिक बल के जवान पूरी तरह से मुस्तैद हैं। कुंडली-सिंघु बॉर्डर पर मंगलवार सुबह एक लेन से ही वाहनों को गुजारा गया। इससे पहले केएमपी-केजीपी जीरो प्वाइंट पर सुबह सोनीपत पुलिस ने नाका लगाकर भारी वाहनों का दिल्ली में प्रवेश बंद कर दिया था।
सोनीपत-दिल्ली की सीमा पर स्थित कुंडली-सिंघु बॉर्डर पर संपर्क मार्ग के बाद फ्लाईओवर को भी बंद कर दिया गया है। सड़क पर लोहे के कंटेनर रखकर उनमें मिट्टी भर दी गई हैं। साथ ही भारी संख्या में लोहे व पत्थर के बैरिकेड लगा दिए गए हैं। कंटीले तार लगाए जा रहे हैं।
वाहनों को नए रूट डायवर्ट प्लान के अनुसार गांवों के अंदर से होते हुए अन्य स्टेट व नेशनल हाईवे से वाहनों को निकाला जा रहा है। छोटे वाहनों को कुंडली से जांटी कलां और सिंघु गांव भेजा जा रहा है। वहीं बीसवां मील से बारोटा, सफियाबाद होते हुए दिल्ली के नरेला भेजा जा रहा है।
सोनीपत-पानीपत के हलदाना बॉर्डर से पत्थर व लोहे के बैरिकेड और कंटीले तार अब पानीपत की सीमा में गांव पट्टी कल्याणा में रखवाए गए हैं। दोपहर को सीपी बी सतीश बालन ने पट्टी कल्याणा नाका का दौरा किया। वहां व्रज वाहन समेत अन्य प्रबंध किए गए हैं। खरखौदा क्षेत्र से सटे दिल्ली के औचंदी बॉर्डर पर पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उसे बंद कर दिया है।
बहादुरगढ़ में टीकरी बॉर्डर पूरी तरह सील
किसानों के दिल्ली कूच के अलर्ट के चलते मंगलवार को बहादुरगढ़ में सेक्टर-9 मोड़ से टीकरी बॉर्डर तक का हिस्सा पूरी तरह सील कर दिया गया। टीकरी बॉर्डर को दिल्ली पुलिस ने तो सेक्टर-9 मोड़ इलाके को झज्जर पुलिस ने सील किया है। झाड़ौदा बॉर्डर को फिलहाल आवाजाही के लिए खुला रखा गया है। किसान किसी भी तरह दिल्ली में न घुस पाएं, इसलिए किलेबंदी कर दी गई है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस, आईटीबीपी और पैरामिलिट्री फोर्स को तैनात किया गया है। मंगलवार की सुबह से देर रात तक दिल्ली और हरियाणा पुलिस के सीनियर अधिकारी मौके पर डटे रहे। दिल्ली और हरियाणा पुलिस एक-दूसरे से इनपुट भी सांझा करती रही।
रोहतक में पुलिस ने जींद हाईवे कराया बंद
रोहतक में टिटौली के किसान दोपहर एक बजे राष्ट्रीय राजमार्ग 352 पर इकट्ठा हुए। यहां सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यही नहीं जींद की तरफ से आने वाले किसानों के लिए जलपान की व्यवस्था की गई है। हालांकि शाम पांच बजे तक जींद की ओर से कोई किसान जिले की सीमा में नहीं आया। पुलिस ने जींद हाईवे पर अवागमन बंद कर दिया है। अब तक यहां से वन वे ट्रैफिक की व्यवस्था थी। लाखनमाजरा से गोहाना की ओर रूट डायवर्ट कर दिया गया है। पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए हैं। इसके तहत सीमेंट बैरिकेड्स लगाकर नाका लगाया है। साथ ही वाटर कैनन, हाइड्रा मशीनें व भारी संख्या में पुलिस बल लाखनमाजरा में जींदा सीमा पर मौजूद है।
नारनौल से अंबाला तक जा रहीं बसें
नारनौल से चंडीगढ़ जाने वाली बस अंबाला तक जा रही है। इस वजह से चंडीगढ़ जाने वाले यात्रियों को आगे का सफर अन्य वाहनों से करना पड़ रहा है। वहीं अमृतसर के लिए दोपहर बाद साढ़े 3 बजे भी बस रवाना की गई है। इसके अलावा नारनौल में किसान आंदोलन का असर न के बराबर है। सामान्य दिनों की तरफ लोग अपना कार्य कर रहे हैं।