संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। एसएमडीए की तरह से खरखौदा आईएमटी के लिए प्रस्तावित 900 एमएम व्यास की डीआई पाइपलाइन केवल पानी पहुंचाने की योजना नहीं बल्कि क्षेत्र के औद्योगिक भविष्य को मजबूती देने वाला एक कदम है। परियोजना के धरातल पर उतरने से यहां पर निवेश बढ़ेगा।
खरखौदा आईएमटी को हरियाणा की सबसे महत्वाकांक्षी औद्योगिक परियोजनाओं में शामिल किया गया है। यहां पहले से ही कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कंपनियां निवेश कर रही हैं। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि जल आपूर्ति की दीर्घकालिक व्यवस्था सुनिश्चित होने से निवेशकों का भरोसा और मजबूत होगा।
यह परियोजना केवल खरखौदा आईएमटी तक सीमित नहीं है बल्कि ककरोई से गुरुग्राम तक विकसित की जा रही। राज्यस्तरीय जलापूर्ति योजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है। 700 क्यूसेक क्षमता वाली इस व्यवस्था से भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए दीर्घकालिक जल उपलब्धता सुनिश्चित करने की तैयारी की जा रही है।
एसएमडीए के सलाहकार चेयरमैन डीएस ढेसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजना के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की देरी न हो क्योंकि इसका सीधा संबंध प्रदेश के औद्योगिक निवेश और विकास से जुड़ा हुआ है।
औद्योगिक हब बनने की दिशा में मजबूत कदम
खरखौदा आईएमटी को भविष्य में उत्तर भारत के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों में शामिल करने की योजना है। मारुति सुजुकी समेत कई बड़ी कंपनियों की मौजूदगी के कारण यह क्षेत्र पहले ही निवेशकों के आकर्षण का केंद्र बन चुका है। अब जल आपूर्ति जैसी महत्वपूर्ण सुविधा मजबूत होने से आईएमटी को एक पूर्ण विकसित औद्योगिक हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में नई गति मिलने की उम्मीद है।