पिछले कार्यकाल में सुनील लंबू वार्ड नंबर 12 से पार्षद के अलावा नगर पालिका के उपाध्यक्ष भी थे। इसी वार्ड से चुनाव में सोनिया शर्मा ने उनकी पत्नी को हराकर जीत हासिल की थी। इसके बाद से ही दोनों पक्षों में राजनीतिक तनाव चल रहा था।
शास्त्री नगर में सोमवार देर रात नगर पालिका के पूर्व उपाध्यक्ष सुनील लंबू ने वार्ड नंबर 12 की पार्षद सोनिया शर्मा के ससुर रामकरण शर्मा की गोली मारकर हत्या कर दी। चुनावी रंजिश को इस हमले की वजह बताया जा रहा है। गोली लगने से रामकरण गंभीर रूप से घायल हो गए थे जिन्हें गन्नौर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद सोनीपत के निजी अस्पताल में रेफर कर दिया गया था लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी भाग गए। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
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सोमवार की रात करीब साढ़े आठ बजे रामकरण शर्मा अपने परिवार के साथ एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए घर से कार में निकले थे। जब वह सिविल अस्पताल के पास पहुंचे तो सुनील लंबू ने अचानक उनकी गाड़ी पर कई फायर कर दिए। गोली सीधे रामकरण के कंधे और सीने के पास लगी जिससे वह गाड़ी में ही लहूलुहान होकर गिर पड़े।
वारदात के के बाद आरोपी सुनील लंबू मौके से फरार हो गया। फायरिंग की आवाज सुनते ही आसपास के लोग और परिजन मौके पर पहुंचे और घायल रामकरण को अस्पताल पहुंचाया। नाजुक हालत को देखते हुए उनको सोनीपत के लिए रेफर कर दिया गया लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर थाना गन्नौर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची।
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पुलिस ने घटनास्थल से कई खाली कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही सुनील लंबू को गिरफ्तार कर पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। हत्या की वारदात के बाद दो पक्षों के बीच तनाव के हालत को देखते हुए भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा।
राजनीतिक रंजिश को लेकर हत्या करने का आरोप
मामला पुरानी राजनीतिक रंजिश से जुड़ा बताया जा रहा है। पिछले कार्यकाल में सुनील लंबू वार्ड नंबर 12 से पार्षद के अलावा नगर पालिका के उपाध्यक्ष भी थे। इसी वार्ड से चुनाव में सोनिया शर्मा ने उनकी पत्नी को हराकर जीत हासिल की थी। इसके बाद से ही दोनों पक्षों में राजनीतिक तनाव चल रहा था। निकाय चुनाव में हार की वजह से सुनील लंबू रामकरण शर्मा से खुन्नस खाए था। हालांकि, किसी भी पक्ष की तरफ से पहले थाना में शिकायत नहीं की गई। इस वजह से रामकरण शर्मा को भी इस बाद का अंदाजा नहीं था कि हार की प्रतिशोध में सुनील लंबू उन्हें गोली मार देगा। सरेआम फायरिंग के बाद वहां दहशत फैल गई।