महावीर जयंती से चले आ रहे विवाद को लेकर लाल दरवाजा कुम्हार गेट के दो पक्षों में सोमवार रात साढे़ आठ बजे जमकर फायरिंग हुई। इसमें एक पक्ष के पिता-पुत्री समेत तीन लोगों की मौत हो गई। इसके अलावा, तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। फायरिंग की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां से उन्हें रेफर किया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। वहीं, वारदात के बाद दोनों पक्षों के घरों के बाहर पुलिस तैनात कर दी गई है।
महावीर जयंती पर हुआ था विवाद
बताया जा रहा है कि दोनों परिवारों के बीच महावीर जयंती पर किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। इसके बाद से दोनों पक्षों के बीच तनाव चला आ रहा था। उस दौरान सामाजिक तौर पर झगड़ा निपटा दिया गया था और मामला थाने भी नहीं पहुंचा था। लेकिन सोमवार देर शाम को मामला बढ़ गया और दोनों पक्षों के बीच हुई फायरिंग ने एक ही पक्ष के तीन सदस्यों की मौत हो गई। दोनों तरफ से हुई फायरिंग में एक पक्ष के पिता-पुत्री महाबीर (55) व नीतू (32) के अलावा मोंटी की मौत हो गई। इसी पक्ष के नवीन की भी गोली लगने से हालत गंभीर बताई जा रही है। वहीं, दूसरे पक्ष के संजय व पूनम को गोली लगी है। पुलिस ने इन्हें सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया, जिसे बाद में परिजन निजी अस्पताल में ले गए। फायरिंग से घायल संजय व नवीन बयान देने की स्थिति में नहीं हैं।
छावनी बना अस्पताल परिसर
दोनों पक्षों में हुई फायरिंग के चलते कुम्हार गेट में दहशत का माहौल बन गया। इसके बाद पुलिस प्रशासन ने क्षेत्र व सामान्य अस्पताल परिसर में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया। वहीं, दोनों परिवारों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस बल की तैनाती की गई है। घटना की जानकारी मिलने के बाद डीएसपी प्रदीप, सिटी एसएचओ अजय मलिक व सिविल लाइन थाना प्रभारी वीरेंद्र राव मौके पर पहुंचे।
डीएसपी प्रदीप ने बताया कि महावीर जयंती पर दोनों पक्षों के बीच किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था। इसके बाद दोनों पक्षों में रंजिश चली आ रहा था। इसी रंजिश के चलते सोमवार देर रात दोनों पक्षों में फायरिंग हुई है, जिसमें तीन लोगों की मौत व तीन घायल हुए हैं। मामले की जांच की जा रही है। घायलों व परिजनों के बयान लिए जाने के बाद मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई की जाएगी।