अमर उजाला ब्यूरो
सोनीपत।
सांसद के गोद लिए आदर्श गांव दातौली में शराब ठेके का विरोध करना सेना जवान के परिजनों पर भारी पड़ रहा है। पहले पुलिस ने मामला दर्ज कर गर्भवती महिलाओं व बुजुर्गों को भी गिरफ्तार कर लिया। घटना के एक दिन बाद शिकायत के बावजूद ठेकेदार व उसके कारिंदों पर तीन माह बीतने पर मामला दर्ज करने के बाद कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है। जिसके चतले सेना का जवान भी मायूस हो गया है। जवान का आरोप है कि वह सीएम से लेकर सभी मंत्रियों के दरवाजे पर गुहार लगा चुका है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है। जवान ने मामले में ठोस कार्रवाई की मांग की है।
मंगलवार को विश्राम गृह में प्रेसवार्ता में जम्मू में तैनात सैनिक जोगेंद्र गोस्वामी ने बताया कि वह घटना के बाद से लगातार सरकार व प्रशासन से गुहार लगा चुका है। उनके गांव में अड्डे पर शराब का ठेका खोला गया था। ठेका गांव के मुख्य मार्ग पर है और महिलाओं व स्कूली छात्राओं को यहीं से निकलना पड़ता है। ठेके पर दिनभर शराबियों का जमावड़ा लगा रहता है। इसी को लेकर 22 अप्रैल को गांव की महिलाओं ने ठेके के सामने विरोध प्रदर्शन किया था।
उसके बाद ठेकेदार ने पुलिस से मिलीकर प्रदर्शन कर रही महिलाओं को गिरफ्तार करा दिया। उनके खिलाफ कई गंभीर आरोप में मामला दर्ज किया गया था। यहां तक की लूट तक आरोप लगाया गया। गिरफ्तार की गई महिलाओं में गर्भवती महिलाओं के साथ कई वृद्धा भी शामिल थीं। जोगेंद्र ने बताया कि दातौली गांव में शराब के ठेके को हटवाने के लिए गांव की पंचायत लंबे समय से प्रयासरत थी। ग्राम पंचायत ने 15 सितंबर, 2016 को गांव से शराब का ठेका हटवाने को लेकर प्रस्ताव पास कर बीडीपीओ गन्नौर के माध्यम से आबकारी विभाग को भेजा था। उसके बाद भी ठेका नहीं हटाया गया।
तीन माह बाद दर्ज कराया मामला
जोगेंद्र ने बताया कि उन्होंने भी पुलिस को 23 अप्रैल को शिकायत दी थी। जिसके बाद पुलिस ने उनकी तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की। बाद में 28 जुलाई को पुलिस ने मामला दर्ज किया था। उनकी तरफ से दर्ज मामले में पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
सभी मंत्रियों को लगाए चक्कर, सीएम विंडो में भी नहीं मिला जवाब
जोगेंद्र ने बताया कि वह दो बार सीएम से मिलकर शिकायत कर चुके हैं। साथ ही अन्य मंत्रियों के पास भी गुहार लगाई। उन्होंनेे सीएम विंडो पर शिकायत दी तो कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। वह सेना की तरफ से भी डीजीपी व अधिकारियों को पत्र लिख चुका है। उस पर भी कोई सुनवाई नहीं हो सकी है। उन्होंने मामले में उचित व जल्द कार्रवाई की मांग की है।