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Sonipat News: लिफ्ट में बच्चे की मौत मामले में मरम्मत कंपनी के संचालक पर मुकदमा दर्ज

Fri, 22 Aug 2025 02:03 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
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संवाद न्यूज एजेंसी
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सोनीपत। पुलिस लाइन की लिफ्ट में दबकर पिछले दिनों दो वर्षीय बच्चे की मौत मामले में मरम्मत कंपनी के संचालक के विरुद्ध गैर इरादतन हत्या की धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। हालांकि अभी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है। पुलिस ने मृत बच्चे के पिता अंकित की शिकायत पर केस दर्ज किया। जांच में पता चला है कि लिफ्ट का सेंसर खराब होने के कारण घटना हुई। शिकायत के बाद उसे ठीक नहीं कराया गया। सहायक पुलिस आयुक्त का कहना है कि की जांच की जा रही है।
कांस्टेबल प्रियंका का एक महीने पहले कुरुक्षेत्र से सोनीपत तबादला हुआ था। उनको पुलिस लाइन के सी ब्लाक की तीसरी मंजिल पर सी-10 आवास मिला था। भवन में लगी लिफ्ट में खेलते समय प्रियंका का दो साल का बेटा उदवंश लिफ्ट के दरवाजे में फंस गया।
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बेटे को फंसा देख प्रियंका ने बदहवास हालत में बेटे को बचाने की कोशिश की लेकिन सेंसर खराब होने से लिफ्ट गिर गई जिसमें दबने से उदवंश की मौत हो गई। महिला कांस्टेबल के बेटे की इस तरह लिफ्ट में दबने से मौत की घटना ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया।
पुलिस लाइन की बहुमंजिला आवासीय कॉलोनी ज्यादा पुरानी नहीं है। वहां की लिफ्ट में तकनीकी खराबी के कारण बच्चे की मौत की घटना ने सिस्टम पर सवाल खड़े कर दिए।
बताया जाता है कि लिफ्ट अचानक खराब नहीं हुई बल्कि उसका सेंसर काफी समय खराब था, लेकिन उसे ठीक करने की जरूरत नहीं समझी गई और विभागीय अधिकारी भी इस दिशा में बेपरवाह बने रहे।
बच्चे की मौत के बाद अब पुलिस विभाग की तंद्रा टूटी है। वीरवार को सिटी थाना में महिला कांस्टेबल प्रियंका के पति अंकित की शिकायत पर लिफ्ट मेंटेनेंस का ठेका लेने वाली फर्म के संचालक प्रदीप कुमार के विरुद्घ गैर इरादतन हत्या की धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया गया।

एक लाख सालाना भुगतान के बाद भी खामी दूर नहीं हुई
लिफ्ट के मेंटेनेंस के लिए गुरुग्राम की कंपनी के पास है, जिसके संचालक प्रदीप कुमार हैं पुलिस विभाग की तरफ से 1.06 लाख रुपये का भुगतान किया जाता है। लिफ्ट का सेंसर महीने भर से खराब था जिसको लेकर पुलिस कर्मचारियों ने एजेंसी कर्मचारियों को अवगत भी करवाया था। यदि सेंसर ठीक होता तो शायद हादसा नहीं होता।
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वर्जन

बच्चे के पिता की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले को संवेदनशीलता से लेते हुए संदेह के सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। तथ्यों के आधार पर दोषी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।-जीत सिंह, सहायक पुलिस आयुक्त, सिटी-2
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