सोनीपत। अंबाला में चल रहे किसान आंदोलन के समाप्त होने के बाद अब रेल यातायात धीरे-धीरे पटरी पर लौट रहा है। रेलवे ने 35 दिनों से रद्द चल रही गाड़ी संख्या 14508 बठिंडा एक्सप्रेस को पटरी पर उतार दिया है। इससे यात्रियों ने राहत की सांस ली है। बठिंडा एक्सप्रेस का परिचालन बहाल होने से पंजाब की तरफ आने-जाने वाले यात्रियों को फायदा मिलेगा। हालांकि यात्रियों को अभी भी अमृतसर-नई दिल्ली सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन के चलने का इंतजार है।
सोनीपत रेलवे स्टेशन से रोजाना करीब 40 हजार से अधिक यात्री दिल्ली और पानीपत की तरफ आवागमन करते हैं। किसान आंदोलन के चलते रेलवे ने दिल्ली-अंबाला रूट पर चलने वाली नौ ट्रेनों का परिचालन रद्द कर दिया था। वहीं 10 ट्रेनों को दूसरे मार्ग से चलाया जाने लगा था। इससे सोनीपत के यात्रियों को दिल्ली व पानीपत की तरफ आवागमन करने में खासी परेशानी झेलनी पड़ रही थी।
एक माह से अधिक समय के बाद ट्रेनों का परिचालन बहाल किया गया है। इससे यात्रियों ने राहत की सांस ली है। हालांकि अभी लंबी दूरी की ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही ट्रेनों का परिचालन सामान्य कर दिया जाएगा।
इंसेट
घंटों देरी से चल रही हैं ट्रेनें
किसान आंदोलन के खत्म होने के बाद भले ही ट्रेनों का परिचालन शुरू कर दिया गया हो, लेकिन लंबी दूरी की ट्रेनें अभी भी घंटों देरी से चल रही हैं। बुधवार को जम्मूतवी से पुणे जाने वाली गाड़ी संख्या 11078 झेलम एक्सप्रेस निर्धारित समय से 2.50 घंटे की देरी से चली। गाड़ी संख्या 04588 पानीपत-दिल्ली मेमू दो घंटे, 14508 बठिंडा एक्सप्रेस एक घंटे, 04452 कुरुक्षेत्र- दिल्ली मेमू 3.30 घंटे, 12926 पश्चिम एक्सप्रेस एक घंटे, 22430 दिल्ली सुपरफास्ट एक्सप्रेस एक घंटे, 11842 गीता जयंती एक्सप्रेस 1.20 घंटे की देरी से चली। जबकि गाड़ी संख्या 12460 अमृतसर-नई दिल्ली सुपरफास्ट एक्सप्रेस रद्द रही।
वर्जन
किसान आंदोलन के खत्म होने के साथ ही ट्रेनों का परिचालन शुरू कर दिया है। अभी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चली हैं। जल्द ही ट्रेनें शेड्यूल के अनुसार ही ट्रैक पर दौड़ेंगी। अमृतसर-नई दिल्ली सुपरफास्ट एक्सप्रेस का भी परिचालन भी जल्द शुरू किया जाएगा। यात्रियों के सामने किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी।- दीपक कुमार, मुख्य जन संपर्क अधिकारी, सोनीपत