संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। रोहतक रोड स्थित अनाज मंडी में बारदाना नहीं होने पर बुधवार सुबह आढ़तियों ने हड़ताल शुरू कर दी थी मगर बाद में बारदाना मिलने पर उसे वापस ले लिया। इस दौरान हरियाणा राज्य सहकारी आपूर्ति और विपणन संघ (हैफेड) की ओर से पहले खरीदा गया 21 हजार क्विंटल गेहूं बोरियों में भरा गया।
गेहूं की खरीद शुरू होने पर किसानों ने राहत की सास ली है मगर मंगलवार को हुई बूंदाबांदी की वजह से उसमें नमी आने के कारण बुधवार को खरीद नहीं हो पाई। एजेंसियों की ओर से बारदाना उपलब्ध न होने के कारण मंगलवार शाम आढ़तियों ने बुधवार को खरीद बंद रखने का एलान कर दिया था।
बुधवार को गेहूं के ढेर को एकत्रित करने के लिए बुलडोजर का इस्तेमाल किया गया। गेहूं खरीद न होने की मुख्य वजह उसमें नमी तय मानक से अधिक होना है। नमी की मात्रा 16 फीसदी तक रही। बारदाना उपलब्ध होने के बाद बुधवार शाम को 21 हजार क्विंटल गेहूं बैगों में भरा गया। अधिकारियों ने वीरवार से खरीद शुरू करने का आश्वासन दिया है।
खुले में पड़ा 91 हजार क्विंटल गेहूं
सोनीपत मंडी में 91 हजार क्विंटल गेहूं खुले में पड़ा हुआ है। खरीद एजेंसी ने नमी ज्यादा होने की बात कहकर दो दिन से खरीद बंद कर दी थी। वहीं, बारदाना उपलब्ध न होने के कारण सोनीपत अनाज मंडी ट्रेडर्स एसोसिएशन के आह्वान पर आढ़तियों ने हड़ताल कर दी थी। इसका असर गेहूं की आवक पर भी दिखाई दिया है। दोपहर 1 बजे तक महज 26 गेट पास ही कट पाए थे। हालांकि, दोपहर 3 बजे आढ़तियों ने बैठक करके हड़ताल को समाप्त करने की घोषणा की। शाम चार बजे बारदाना मिलने के बाद पहले से खरीदा गया 21 हजार क्विंटल गेहूं उसमें भरा गया। मुरथल अनाज मंडी में भी 25 हजार क्विंटल गेहूं पहुंच चुका है। नाहरा खरीद केंद्र पर भी 14,500 क्विंटल गेहूं आ चुका है। यहां पर गेहूं की खरीद होने का इंतजार है।