सोनीपत। जिले में संचालित की जा रही 86 नर्सरियों को दो माह के लिए बंद किया गया है। हालांकि जिले की खेल अकादमियां सुचारू रूप से चलती रहेंगी। वार्षिक परीक्षाओं को देखते हुए बंद की गई नर्सरियां परीक्षाओं के बाद एक अप्रैल से शुरू कर दी जाएंगी। नर्सरियां बंद होने से विद्यार्थी पूरा ध्यान पढ़ाई पर दे सकेंगे।
जिले में विभिन्न खेलों की 86 नर्सरी संचालित की जा रही हैं। खेल अधिकारियों की मानें तो इन नर्सरियों का कार्यकाल अप्रैल की शुरुआत से 31 जनवरी तक होता है। कार्यकाल पूरा होने के बाद इन नर्सरियों को बंद कर दिया गया है। दो माह तक बंद रहने वाली नर्सरियों का अधिकारी निरीक्षण करेंगे। इस दौरान जो खिलाड़ी मानदंडों के अंतर्गत नहीं आते, उन्हें बाहर किया जाएगा। अप्रैल से दोबारा शुरू की जाने वाली नर्सरियों के लिए नए सिरे से ट्रायल किए जाएंगे। जो खिलाड़ी अभी नर्सरी में भर्ती है, उनकी खेल प्रतिभा को परखा जाएगा। नर्सरियों में खिलाड़ियों की संख्या 25-25 रहेगी।
नर्सरियों की करेंगे समीक्षा
खेल अधिकारियों का कहना है कि दो माह के अंतराल में नर्सरियों में सुविधाओं की जांच-पड़ताल की जाएगी। किसी प्रकार की समस्या पाई जाने पर उसे दूर किया जाए। जिससे नर्सरियों में अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं दी जा सकें। खिलाड़ियों की उम्र भी जांची जाएगी। जिन खिलाड़ियों की उम्र मानदंडाें से अधिक मिलेगी, उन्हें नर्सरी से बाहर किया जाएगा और उनके स्थान पर नए खिलाड़ियों का चयन किया जाएगा।
वर्जन
नर्सरियों का कार्यकाल दस माह का होता है जो पूरा हो चुका है। जिसके चलते जिले की 86 सरकारी व गैर सरकारी नर्सरी बंद की गई हैं। यह नर्सरियां दो माह तक बंद रहेंगी। दो माह के अंतराल में सभी नर्सरियों का रिव्यू किया जाएगा, जो कमियां मिलेगी उन्हें दूर किया जाएगा। एक अप्रैल से सभी नर्सरियों को दोबारा सुचारू किया जाएगा।-देवेंद्र दहिया, जिला खेल अधिकारी, सोनीपत।