मामले की जानकारी देते एसपी सिद्धांत जैन और पुलिस की गिरफ्त में आरोपी।
सिरसा। जेल जाने के बाद इंसान सुधर जाता है लेकिन राजस्थान के हनुमान जिले के गांव परलीका निवासी करतारा राम उर्फ करतार 23 वर्ष की सजा काटने के बाद भी नहीं सुधरा। वह 40 वर्षों से नशा तस्करी में संलिप्त है। वीरवार को उसे उसके भांजे के साथ 85 किलो 350 ग्राम डोडा पोस्त सप्लाई करते हुए डबवाली सीआईए ने गिरफ्तार किया।
राजस्थान के नशा सप्लायर को सीआईए डबवाली की टीम ने भारत माला रोड पर काबू किया। आरोपी के खिलाफ सिरसा जिले में अलग-अलग थानों में 5, फतेहाबाद में 1 और राजस्थान में विभिन्न धाराओं के तहत 10 मामले दर्ज हैं।
पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने बताया कि 21 मार्च को पुलिस उप अधीक्षक कालांवाली संदीप धनखड़ के नेतृत्व में सीआईए डबवाली की टीम एएसआई बलवान की अगुवाई में गश्त पर थी। इस दौरान डोडा पोस्त की सप्लाई की सूचना प्राप्त हुई। पुलिस ने सिरसा रोड पर भारतमाला रोड पुल के नीचे नाकेबंदी शुरू कर दी। कुछ देर में डबवाली की तरफ से सफेद रंग की कार आती दिखाई दी। कार चालक को रुकने का इशारा किया और पुलिस कर्मियों की मदद से कार सवार दो व्यक्तियों को काबू किया। कार की तलाशी ली तो उसमें 5 कट्टे थे। जिनमें 85 किलो 350 ग्राम डोडा पोस्त बरामद हुआ। आरोपियों को काबू कर डबवाली थाने में मामला दर्ज किया गया।
आरोपी करतारा राम उर्फ करतार पुत्र बलदेव निवासी परलीका जिला हनुमानगढ़, राजस्थान ने पूछताछ में बताया कि वह करीब डेढ़ वर्ष पहले तस्करी व अन्य मामलों के संबंध में 23 वर्ष जेल काटकर आया है। आरोपी करतारा सिंह अपने भांजे जजराम पुत्र गिन्द्र राम निवासी गांव शेलवाला, तहसील पातडा, जिला पटियाला, पंजाब के साथ मिलकर तस्करी का काम करता है।
आरोपी करतारा गोगामेड़ी में हिस्ट्रीशीटर
आरोपी करतारा सिंह ने बताया कि उसे पहले 10 किलो अफीम, 13 किलो अफीम तथा 5 बोरी डोडा पोस्त के मामलों में 30 साल की जेल हुई थी। इनमें से एक मामले में उसे छूट होने पर 23 साल की सजा हुई थी। इतना ही नहीं, आरोपी करतारा थाना गोगामेड़ी में हिस्ट्रीशीटर है। आरोपी को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा।