संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। गेहूं की फसल के उठान के लिए परिवहन व लेबर को लेकर अभी तक टेंडर प्रक्रिया सिरे नहीं चढ़ पाई है। प्रशासन की ओर से वीरवार को टेंडर खोले जाने थे, लेकिन यह प्रक्रिया भी सिरे नहीं चढ़ पाई। ऐसे में अब शुक्रवार को फिर से टेंडर खोले जाएंगे। सूत्रों के अनुसार टेंडर भरने वाली सभी फर्मों के रेट सरकार की ओर से निर्धारित दाम से ज्यादा हैं। इसके चलते यह प्रक्रिया सिरे नहीं चढ़ पा रही।
वहीं मंडी में फसलों की आवक की बात करें तो सरसों की आवक जारी है, जबकि गेहूं की उपज अभी पहुंचनी शुरू नहीं हुई है। सिरसा मंडी में वीरवार को 9820 क्विंटल सरसों की आवक हुई। सिरसा व चोपटा मंडी में अभी 42907 क्विंटल सरसों का उठान बाकी है।
सिरसा मंडी आढ़ती एसोसिएशन उप प्रधान राजू सुधा ने बताया कि मंडी में सरसों की खरीद ठीक प्रकार से चल रही है। मंडी में फसल लेकर आने वाले किसानों को किसी भी तरह से कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी। मंडी में किसानों के लिए पानी, रहने, खाने और शौचालय आदि का पूरा प्रबंध है। मंडी में गेहूं की आवक 10 अप्रैल के बाद होगी। मौसम में तापमान में बदलाव होने के चलते और रात को न्यूनतम तापमान में गिरावट होने के चलते ठंडक बनी हुई है जिससे गेहूं की फसल पकने में समय लग रहा है।
जिले में कुल 68 मंडियां हैं, जिसमें से 37 मंडियों के परिवहन व लेबर को लेकर टेंडर होने बाकी हैं। टेंडर लेने वाली फर्मों रेट के चलते टेंडर प्रक्रिया सिरे नहीं चढ़ रही है। जिले की मंडियों में 10 अप्रैल के बाद ही गेहूं की फसल की आवक होगी। सिरसा में मंडियों में खरीद को लेकर पांच एजेंसियों को टेंडर दिए गए हैं। इसमें डीएफएससी, हैफेड, डीसीए, नैफेड, एफसीआई हैं।