सिरसा। डेंगू व मलेरिया जैसी मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए शिक्षा निदेशालय ने सक्रियता दिखाते हुए प्रदेशभर के सरकारी व निजी स्कूलों को विशेष निर्देश जारी किए हैं। निदेशालय ने जिला शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से सभी स्कूलों के प्रमुखों को पत्र भेजकर आवश्यक सावधानियां बरतने और विद्यार्थियों को इन बीमारियों के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए हैं।
शिक्षा विभाग की ओर से जारी आदेशों में कहा गया है कि स्कूलों में विद्यार्थियों को डेंगू व मलेरिया जैसे रोगों से बचाव के उपाय नियमित रूप से बताए जाएं। इसके लिए प्रत्येक स्कूल में प्रार्थना सभा के दौरान शिक्षकों द्वारा विद्यार्थियों को सरल और प्रभावी तरीके से जानकारी दी जाए। निर्देशानुसार प्रार्थना सभा के अलावा स्कूलों में विशेष कक्षाएं लगाकर भी बच्चों को जागरूक किया जाएगा।
कक्षाओं में मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों की जानकारी, उनके लक्षण, बचाव व उपचार संबंधी जानकारियां दी जाएंगी। विद्यार्थियों को समझाया जाएगा कि घर और स्कूल दोनों स्थानों पर साफ-सफाई किस प्रकार रखी जाए, ताकि मच्छरों का प्रकोप न हो।
स्कूल परिसर में सफाई पर जोर
शिक्षा विभाग ने स्कूल प्रबंधन को अपने-अपने परिसर की नियमित सफाई करवाने और जलभराव की स्थिति न बनने देने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि बारिश के मौसम में डेंगू व मलेरिया का प्रकोप बढ़ सकता है, ऐसे में सतर्कता आवश्यक है। कीटनाशकों का छिड़काव और सफाई व्यवस्था की नियमित निगरानी करने को कहा गया है।
अभिभावकों को भी किया जाएगा जागरूक
स्कूलों को कहा गया है कि वे केवल विद्यार्थियों तक ही सीमित न रहें, बल्कि अभिभावकों को भी इस अभियान से जोड़ें। घरों में भी साफ-सफाई को लेकर सतर्कता जरूरी है। इसके लिए स्कूलों की ओर से पेरेंट्स-टीचर मीटिंग, नोटिस बोर्ड व सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी साझा की जाएगी।
शिक्षा विभाग की अपील
शिक्षा विभाग ने अपील की है कि सभी स्कूल प्रशासन, शिक्षक, अभिभावक और विद्यार्थी मिलकर इस अभियान को सफल बनाएं, ताकि बच्चों को बीमारियों से सुरक्षित रखा जा सके। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस संबंध में निरीक्षण भी किया जाएगा और लापरवाही बरतने वाले स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
इस प्रकार दिए गए हैं निर्देश
- प्रार्थना सभा में मच्छरों से पैदा होने वाली बीमारियों बारे विद्यार्थियों को जागरूक करें।
- विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करें कि प्रत्येक रविवार को ड्राइंग डे मनाएं।
- घरों के आस-पास किसी भी जगह पर पानी खड़ा न रहने दें।
- कूलर को नियमित रूप से साफ रखें।
- कोई भी ऐसी जगह जहां पर मच्छर पनपने की आशंका हो उसे साफ रखें।
- विद्यार्थियों को निर्देशित करें कि वे पूरी बाजू की कमीज पहनना सुनिश्चित करें और पैरों को भी पूरी तरह ढक कर रखें।
- अध्यापक, विद्यार्थियों को डेंगू व मलेरिया के क्या लक्षण है तथा इससे बचाव के उपाय व उपचार की जानकारी प्रदान करें।
- विद्यार्थियों को अपने क्षेत्र के आसपास मच्छर विकर्षक पौधे लगाने के लिए प्रेरित करें।
- मच्छरों से बचाव के लिए विद्यालयों में सभी महत्वपूर्ण उपाय किए जाएं।
- प्रत्येक विद्यालय यह सुनिश्चित करें कि विद्यालय में किसी भी स्थान पर पानी एकत्रित न रहें।
- 11 अगस्त को सुबह 8 से 9 सभी विद्यालयों में दस्तक कार्यक्रम का आयोजन किया जाए। इसके तहत कक्षा 6 से 12 के विद्यार्थी विद्यालय के आसपास के घरों में जाकर डेंगू व मलेरिया के लक्षण और इससे बचाव के उपाय व उपचार की जानकारी दें।