प्रदेश सरकार की नई परिवहन नीति और निजीकरण के खिलाफ रोडवेज कर्मचारियों ने मंगलवार को रोष प्रदर्शन करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
अब रोडवेज कर्मचारी इसके खिलाफ आमजनों को भी भागीदार बनाने में जुट गए हैं। सर्वकर्मचारी संघ से संबंधित हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन की ओर से रोडवेज परिसर के मुख्य गेट पर हस्ताक्षर अभियान चलाया गया।
इस अभियान में आम जनों को सहयोग देने के लिए कहा गया। हालांकि इसको सफल बनाने के लिए रोडवेज कर्मचारी पिछले कई दिनों से जुटे हुए थे।
सोमवार को यूनियन की बैठक डिपो प्रधान मदन लाल खोथ की अध्यक्षता में यूनियन कार्यालय में हुई थी। मंच संचालन डिपो सचिव सुरजीत अरोड़ा ने किया।
मंगलवार को हस्ताक्षर अभियान शुरू करने से पहले डिपो प्रधान ने कहा कि प्रांतीय कार्यकारिणी के आह्वान सात जनवरी तक प्रात: नौ बजे से सायं पांच बजे तक हरियाणा सरकार की नई परिवहन नीति व कर्मचारी विरोधी नीति के विरोध में चलाए जा रहे हस्ताक्षर अभियान में सभी कर्मचारियों व प्रदेशवासियों को बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।
उन्होंने सिरसा डिपो के कर्मचारियों की लंबित पड़ी मांगों पर चिंता जाहिर करते हुए डिपो महाप्रबंधक से अपील की कि कर्मचारियों की लंबित पड़ी मांगों का तुरंत समाधान किया जाना चाहिए।
हस्ताक्षर अभियान के दौरान कई लोगों ने यूनियन के समर्थन में हस्ताक्षर किए। उन्होंने कहा कि सरकार विभाग का निजीकरण करनाचाहती है जिसे किसी भीसूरत में सहन नहीं किया जाएगा।