किसी भी शिक्षण संस्थान में दाखिला या भर्ती प्रक्रिया के दौरान जब भी मेरिट सूची जारी की जाती है तो उसमें उम्मीदवार का नाम, वर्ग, प्राप्त अंक और अन्य जानकारियां शामिल होती हैं। लेकिन हरियाणा के सिरसा में चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग ने पीएचडी में दाखिले को लेकर जारी की गई मेरिट सूची का स्वरूप ही बदल डाला। जारी मेरिट सूची में केवल रोल नंबर शामिल किया है। ऐसे में जिन विद्यार्थियों का दाखिला नहीं हो पाया उन्हें स्पष्ट नहीं है कि दाखिला वाकई मेरिट अनुसार हुआ है या नहीं।
सीडीएलयू ने पीएचडी में दाखिले के लिए फरवरी माह में प्रक्रिया शुरू हुई थी। 16 विभागों में पीएचडी की सीटों के लिए दाखिले हुए हैं। आवेदन के बाद 17 फरवरी को सभी विभागों में पीएचडी में दाखिले के लिए प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया गया।
उत्तीर्ण होने वाले उम्मीदवारों को कांउसिलिंग के लिए बुलाया गया और इसके बाद प्रवेश परीक्षा और इंटरव्यू के अंकों के आधार पर मेरिट बनाकर सूची सार्वजनिक की गई। लेकिन पत्रकारिता विभाग की परीक्षा के बाद एक उम्मीदवार ने शिकायत कर दी जिसमें हिंदी और अंग्रेजी में प्रश्नपत्र की मांग की गई।
इस पर सीडीएलयू प्रबंधन ने कमेटी का गठन कर दोबारा प्रवेश परीक्षा कराने का फैसला लिया। इसमें प्रावधान किया कि जो इच्छुक उम्मीदवार बैठना चाहे वे परीक्षा दे सकते हैं अन्यथा पहले हो चुकी परीक्षा में प्राप्त अंक को मान लिया जाएगा। इतना ही नहीं दोनों परीक्षा में बैठने पर जो भी उच्चतम अंक होंगे उसके अनुसार मेरिट सूची तैयार होगी।
6 मार्च को दोबारा प्रवेश परीक्षा हुई। खास बात ये रही कि दोबारा हुई प्रवेश परीक्षा में प्रदेश के डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला शामिल हुए। इसने सभी को चौंका दिया। अब 7 और 8 मार्च को काउंसिलिंग के बाद मंगलवार देर शाम मेरिट सूची जारी की गई है। इसमें डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला का भी रोल नंबर भी शामिल है। अभी प्रवेश के लिए फीस जमा करानी है।
पत्रकारिता विभाग ने जारी की सीक्रेट मेरिट सूची, अब उम्मीदवारों में संशय
पीएचडी में दाखिले के लिए सीडीएलयू के 15 विभागों ने जो मेरिट सूची जारी की है उसमें उम्मीदवार का नाम, पिता का नाम, प्रवेश परीक्षा के प्राप्त अंक, काउंसिलिंग के प्राप्त अंक सहित अन्य जानकारियां शामिल की। ताकि सभी उम्मीदवारों को इसकी जानकारी मिले कि योग्यता अनुसार दाखिला मिल रहा है।
लेकिन दूसरी तरफ मंगलवार को पत्रकारिता विभाग की ओर से जारी मेरिट सूची ने सभी को चौंका दिया। हैरानी की बात यह है कि इस सूची में केवल वर्ग और रोल नंबर को शामिल किया गया है। जबकि नाम, प्राप्त अंक, फाइनल योग्यता कुछ भी नहीं है। ऐसे में अन्य उम्मीदवार जिनका दाखिला नहीं हो पाया उन्हें संशय है कि क्या वाकई योग्यता अनुसार दाखिले हुए है या नहीं।
मेरिट सूची में क्या-क्या जानकारी देनी है ये विभाग की मर्जी होती है। विभाग ही निर्णय करता है कि मेरिट सूची में क्या शामिल किया जाए। विभाग की ओर से जारी मेरिट सूची में इस बार केवल वर्ग और रोल नंबर शामिल किए गए हैं। -डॉ. अमित सांगवान, चेयरमैन, पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग, सीडीएलयू।