फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निजी बस संचालक कर रहे मनमानी, रूटों पर चक्कर कम लगाने पर रोडवेज ने आरटीए को भेजी शिकायत

विज्ञापन
बस स्टैंड पर बस का इंतजार करते यात्री। - फोटो : Sirsa
विज्ञापन
सिरसा। रोडवेज में बसों का टोटा है, वहीं अब निजी बस संचालकों ने भी फेरों में कमी कर दी है। ऐसे में यहां से चलने वाली 10 हजार से ज्यादा सवारियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। विद्यार्थियों की संख्या होने के कारण रूट मिस करने पर निजी बस संचालक मनमानी करते हुए प्रतिदिन 20 से ज्यादा फेरे कम कर रहे हैं। निजी बस संचालकों की इस मनमानी पर रोडवेज अधिकारियों ने संज्ञान लिया है और आरटीए को पत्र लिखकर कार्रवाई की अनुशंसा की है। अब आरटीए ने मामले को लेकर नोटिस भेजने की भी तैयारी की है।
विज्ञापन

सिरसा रोडवेज के पास अब करीब 100 बसें है जबकि सहकारी समिति की 90 बसों का संचालक अलग-अलग रूटों पर किया जा रहा है। ताकि यात्रियों को इसका लाभ मिल सके। लेकिन सिरसा से रानियां, ऐलनाबाद, डवबाली और कालांवाली रूट पर चलने वाले सहकारी समिति के बस चालकों ने मनमानी करनी शुरू कर दी है। सहकारी समिति के बस मालिकों ने दिन तय किए हैं और वार अनुसार अपनी बसों को रूट पर उतारते हैं। जिसके कारण बसों का समय मिस होने से यात्रियों को घंटों तक बस स्टैंड पर खड़े होकर बस का इंतजार करना पड़ता है। हालांकि रोडवेज अधिकारियों ने सहकारी समिति के बस मालिकों को सभी बसों का संचालन करने की चेतावनी दी थी लेकिन इसके बाद भी चालाक नहीं मान रहे। जिसके बाद विभाग ने आरटीए को पत्र लिखकर उन पर कार्रवाई किए जाने की अनुशंसा की है।
हर रोज 40 हजार से अधिक यात्री करते है बसों में सफर
स्कूल और कॉलेज खुलने के बाद अब यात्रियों की संख्या पहले से काफी अधिक बढ़ गई है। सिरसा से अलग-अलग रूटों पर चलने वाली बसों में हर रोज 40 हजार से अधिक यात्री सफर करते हैं। यात्रियों की संख्या बढ़ने और बसों की संख्या कम होने के कारण यात्रियों को काफी परेशान होकर सफर करना पड़ता है। बसों में यात्री लटकर सफर करते हुए भी दिखाई देते हैं। ऐसे में यहां पर कभी भी बड़ा हादसा होने का डर बना रहता है। बसों के फेरे बढ़ाने को लेकर भी यात्री और विद्यार्थी अधिकारियों को शिकायत दे रहे हैं।
विज्ञापन

रोडवेज ने ग्रामीण रूटों पर बढ़ाए है 20 फेरे
कॉलेज और स्कूल खुलने के बाद रोडवेज ने अब पहले से बंद पड़े समय को शुरू कर दिया है। सिरसा के ग्रामीण क्षेत्रों में अब रोडवेज ने 20 से अधिक फेरों को बढ़ाया है। इनमें से उन रूटों पर ही फेरों को बढ़ाया गया है जिन रूटों पर विद्यार्थियों की संख्या काफी अधिक है। फेरे बढ़ने पर यात्रियों विद्यार्थियों को कुछ राहत मिली है। लेकिन रोडवेज बेड़े में ही बसों को कमी होने से अन्य रूटों के यात्रियों को इस परेशानी का सामना करना पड़ता है।
आरटीए की तरफ से भेजे जाएंगे बस मालिकों को नोटिस
निजी बस मालिकों की ओर से बसों का संचालन ने किए जाने की शिकायत दी गई है। इन सभी बस मालिकों को नोटिस जारी किया जाएगा। इसके बाद भी बस चालकों की तरफ से बसों का संचालन नहीं किया जाता तो परमिट भी रद्द कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

-हीरालाल, आरटीए, सिरसा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें