सिरसा। करीब 47 डिग्री तापमान में भी लोकसभा प्रत्याशी दिन-रात प्रचार में जुटे हुए हैं। तपती धूप के बावजूद नेता और कार्यकर्ता अधिक से अधिक मतदाताओं तक पहुंचने के अभियान में जुटे हुए हैं। उनके नेता भी उनका हौसला बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे। स्टार प्रचारक भी मतदाताओं में जोश का संचार कर रहे हैं। सभी का एक ही लक्ष्य है कि 25 मई को अपने पक्ष में अधिकतम मतदान करवाया जाए। मतदान के दिन भी गर्मी चरम पर होगी। ऐसे में देखने लायक होगा कि मतदान के प्रति जज्बा जीत हासिल करता है या गर्मी की तपिश मतदान पर अपना असर डालती है।
लोकसभा चुनाव में इस बार वर्ष 2019 में हुए 79 प्रतिशत मतदान को पार करना चुनौतीपूर्ण होने वाला है। सिरसा से कांग्रेस प्रत्याशी कुमारी सैलजा का यह पुराना कार्यक्षेत्र रहा है। पारिवारिक, राजनीतिक पृष्ठभूमि भी रही है। ऐसे में सैलजा पर निगाहें सबसे ज्यादा हैं। वहीं, भाजपा प्रत्याशी अशोक तंवर सांसद रह चुके हैं। पिछली बार भी यह सीट भाजपा के पास थी। ऐसे में उन पर जीत हासिल करने का जबर्दस्त दबाव है। जबकि इनेलो जहां अपने गढ़ में अपने प्रभुत्व को बचाने में जुटी है। अभय के कार्यक्रमों में भीड़ भी उमड़ रही है।
वर्ष 2019 में रहे सिरसा लोकसभा क्षेत्र के प्रत्याशी
कांग्रेस - डाॅ. अशोक तंवर
भाजपा - सुनीता दुग्गल
इनेलो - चरणजीत सिंह रोडी
जजपा - निर्मल सिंह मलड़ी
सिरसा जिले की पांच विधानसभा क्षेत्रों में यह रही स्थिति
भाजपा - 3,51,453 वोट
कांग्रेस - 2,18,619 वोट
इनेलो - 65,779 वोट
जजपा - 45,523 वोट
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वर्ष 2019 का विधानसभा क्षेत्रवार चुनाव परिणाम
कालांवाली
भाजपा - 64,439
कांग्रेस - 43,449
जजपा - 11,475
इनेलो - 12,108
हालात - कालांवाली में इस बार कड़ा मुकाबला दिख रहा है। जहां पिछली बार कांग्रेस को मोदी लहर के बाद भी अच्छा वोट मिला था। ऐसे में यह वोट बैंक इस बार भी कायम रहने की उम्मीद है। इस क्षेत्र में किसान आंदोलन का असर भी देखने को मिला है। जजपा के वोट बैंक में बिखराव होता नजर आ रहा है।
डबवाली
भाजपा -59,280
कांग्रेस -50,618
जजपा -17,016
इनेलो -15,322
हालात - डबवाली में भाजपा और कांग्रेस में कड़ा मुकाबला दिखेगा। मौजूदा विधायक अमित सिहाग दिन-रात जुटे हैं। वहीं, आदित्य देवीलाल चौटाला भी पूरी मेहनत कर रहे हैं। ऐसे में डबवाली में वोटों के लिए कांटे का मुकाबला रहेगा।
रानियां
भाजपा - 71,154
कांग्रेस - 43,845
जजपा - 6,632
इनेलो - 13,272
हालात - रानियां में भाजपा को पिछली बार अच्छा वोट मिला था। इस बार स्थिति विपरीत होती नजर आ रही है। लोगों में चौधरी रणजीत सिंह का हलका छोड़ना और किसान आंदोलन दोनों का असर पड़ा है। ऐसे में रानियां के वोट बैंक को बनाए रखना भाजपा के लिए चुनौती बना है।
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सिरसा
भाजपा - 83,987
कांग्रेस - 42,773
जजपा - 3,355
इनेलो - 6,328
हालात - सिरसा में सभी पार्टियां अपना दम दिखा रहीं हैं। कांग्रेस, भाजपा और इनेलो तीनों मजबूती से खड़ी है। पिछली बार शहर से भाजपा को अच्छी बढ़त मिली थी। इस बार कांटे का मुकाबला दिख रहा है।
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ऐलनाबाद
भाजपा - 72,593
कांग्रेस - 37,934
जजपा - 7,045
इनेलो - 18,749
हालात - इनेलो के गढ़ कहने जाने वाले ऐलनाबाद में पिछले बार भाजपा ने बड़ी सेंधमारी की थी। ऐलनाबाद में अपने वोट बैंक को साधने के लिए इनेलो का प्रयास निरंतर जारी है।