दिवाली पर लोगों ने जमकर पटाखे चलाए। पटाखों के धुएं के साथ पराली के धुएं ने एक बार फिर स्मॉग को दावत दे दी। धुएं के कारण सुबह और शाम के समय स्मॉग की परत देखने को मिली। वहीं पटाखों के प्रदूषण ने एक्यूआई के स्तर को भी बढ़ा दिया। एक्यूआई 84 से बढ़कर 246 पर पहुंच गया। इतना ही नहीं, दिवाली के अगले दिन भी लोग पटाखे जलाते नजर आए।
वहीं दिवाली के दिन जिले में सात किसानों पर पराली जलाने को लेकर एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें तीन सिरसा, तीन कालांवाली और एक डबवाली का किसान है। जिले में आठ जगहों पर पराली में आग लगाई गई।
अहम बात यह है कि सरकार की 10 बजे तक पटाखे जलाने की गाइडलाइन का उल्लंघन भी धड़ल्ले से हुआ। लेकिन कोई मामला पटाखे निर्धारित समय के बाद में चलाने का दर्ज नहीं किया गया। वहीं पटाखों के निशान मिटाने के लिए सफाई कर्मचारी भी पहुंच गए। बड़े स्तर पर सफाई कर्मचारियों ने पटाखों के खोल कचरे के रूप में एकत्रित किये।
मामला 1
गांव मौजदीन निवासी बलदेव सिंह पुत्र किशन सिंह दिवाली के दिन अपने खेत में पराली जला रहा था। एग्रीकल्चर सुपरवाइजर हेमंत सिंह ने एएसआई राकेश कुमार, चालक जसवंत सिंह दिवाली पर गांव मंगाला के पास गश्त कर रहे थे। इस दौरान सदर थाने से सूचना प्राप्त हुई कि गांव मौजदीन निवासी बलदेव सिंह ने रविवार रात 8 बजे के करीब अपने खेत में पराली जला रखी है। पुलिस ने एग्रीकल्चर सुपरवाइजर हेमंत सिंह के बयानों के आधार पर गांव मौजदीन निवासी बलदेव सिंह के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मामला 2
कालांवाली में तीन किसानों पर पराली जलाने का मामला दर्ज
कालांवाली क्षेत्र में दिवाली की रात को एसआई सतपाल सिंह व चालक मिठन सिंह गश्त कर रहे थे। इस दौरान उन्हें थाने से मोबाइल पर पराली जलाने की लोकेशन प्राप्त हुई। पुलिस टीम गांव के सरपंच प्रतिनिधि काका सिंह को साथ लेकर पराली जलाने वाली लोकेशन पर पहुंची। वहां पराली तो जल रही थी लेकिन जलाने वाला कोई मौजूद नहीं था। रात के समय में पुलिस व सरपंच प्रतिनिधि ने खेतों में पराली जलाने वाले व खेतों के मालिक के बारे में पता किया। लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। एसआई सतपाल सिंह ने कृषि विभाग के अधिकारी विक्रम सिंह को फोन कर खेतों की लोकेशन भेजी।
कृषि विभाग अधिकारी विक्रम सिंह ने बताया कि जिन खेतों में आग लगी है। वह अलग-अलग तीन लोगों के हैं। एक खेत के किला नंबर, गांव केवल वासी गुरलाल सिंह पुत्र अमर सिंह के है। जिनमें पराली जलाई गई है। वहीं कुछ किला नंबर, गांव केवल के मोहन सिंह पुत्र सरदुल सिंह के हैं, जिनमें पराली जलाई गई है। कृषि अधिकारी ने बताया कि इसके अतिरिक्त कई अन्य किला नंबर गांव केवल के यादविंदर सिंह पुत्र बलतेज सिंह खेत के हैं, जिनमें पराली जलाई गई है। ऐसे में थाना कालांवाली में पुलिस ने एसआई सतपाल सिंह के बयानों के आधार पर गांव केवल के गुरलाल सिंह, मोहन सिंह, यादविंद्र के खिलाफ पराली जलाने पर विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
मामला - 3
डबवाली में शनिवार को गांव जोगेवाला निवासी जसवीर सिंह पुत्र लाभ सिंह पर खेतों में पराली जलाने पर मामला दर्ज किया गया है। पुलिस की टीम सिपाही सुनील कुमार और चालक नायाब सिंह के साथ गांव जोगेवाला में गश्त पर थी। इस दौरान थाने से उन्हें पराली जलाने की हरसेक की लाइव लोकेशन प्राप्त हुई। दोनों लोकेशन के आधार पर मौके पर पहुंचे तो एक व्यक्ति अपने धान के खेत में पराली को आग लगा रहा था। मौके पर व्यक्ति को काबू कर उसका नाम पता पूछा गया तो संबंधित व्यक्ति ने अपना नाम जसवीर सिंह पुत्र लाभ सिंह निवासी गांव जोगेवाला बताया। इसके बाद सिपाही सुनील के बयानों के आधार पर डबवाली थाने में गांव जोगेवाला के जसवीर सिंह के खिलाफ पराली जलाने के चलते विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मामला नंबर 4
गांव फरमाई कला के अवतार सिंह पुत्र बलवंत सिंह के खिलाफ पराली जलाने पर विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। एएसआई अजीत सिंह ने बताया कि दिवाली के दिन वह निजी गाड़ी में गांव झोपड़ा मोड के पास गश्त पर थे। इस दौरान सदर थाने से फोन पर गांव फरमाई कलां में पराली जलाने बारे में जानकारी मिली। जब वह मौके पर पहुंचे तो कृषि विभाग के ब्लॉक टेक्नोलॉजी मैनेजर बृजमोहन गेदर अपनी टीम के साथ मौके पर मौजूद थे। कृषि अधिकारी के बयानों के आधार पर गांव फरमाई कलां के अवतार सिंह पुत्र बलवंत सिंह पर पराली जलाने को लेकर विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मामला नंबर 5
गांव भावदीन के गुरप्रताप सिंह पुत्र कथा सिंह पर पुलिस ने पराली जलाने पर विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस को दिए बयान में कृषि सुपरवाइजर एसडी सुनील कुमार व पटवारी बंटी ने बताया कि शनिवार रात को गांव भावदीन में पराली जलाने की लोकेशन हरसेक से प्राप्त हुई थी। मौके पर जाकर देखा तो किसान गुरप्रताप सिंह पुत्र कथा सिंह खेतों में धान की पराली जला रहा था। पुलिस को मौके पर बुलाकर किसान के खिलाफ पराली जलाने को लेकर विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।