नकली नोट बनाकर लोगों को चूना लगाने वाले गिरोह के तार जिला सिरसा के गांव खारियां से भी जुड़ गए हैं। रानियां पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर गिरोह के एक गुर्गे को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया जबकि दूसरा मौके से फरार हो गया। पुलिस दूसरे युवक की तलाश में जुट गई है। छापे के दौरान खारियां गांव से पुलिस ने नकली करेंसी के अलावा नकली नोट छापने की मशीन, केमिकल और कागज भी बरामद किए हैं। पुलिस दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच-पड़ताल कर रही है।
थाना प्रभारी सुभाष चंद्र ने बताया कि उन्हें गुप्त सूचना मिली कि गांव खारियां में मनोहर लाल नकली नोट बना रहा है। वह नकली नोट बनाने व सप्लाई करने के गिरोह भी जुड़ा हुआ है। इसी सूचना के आधार पर उन्होंने एक टीम का गठन किया। उक्त टीम ने युवक की तलाश शुरू कर दी, जिसको लेकर कई जगहों पर छापा मारा। मंगलवार दोपहर को मनोहर लाल के पास से प्लास्टिक का डिब्बा, जिसमेंकरेंसी नोट और नोटों के साइज के कागज डाले हुए थे। उस पर केमिकल लगे होने की गंध आ रही थी। पुलिस ने गिनती की तो 93 हजार 500 रुपये की नकली करेंसी मिली। इसके अलावा 584 नोटों के आकार के कागज पर केमिकल लगा हुआ था। आरोपी उन्हें छापने के बाद सप्लाई करने की तैयारी कर रहे थे। थाना प्रभारी ने बताया कि 584 कागजों को इस तरह से सजाया जा रहा था कि असली और नकली की पहचान करना मुश्किल है। पुलिस ने मनोहर लाल को मौके पर ही दबोच लिया जबकि उसका सहयोगी संजय मौके से फरार हो गया।
नकली नोटों से लोगों को थी ठगने की तैयारी
पुलिस के मुताबिक यह गिरोह बड़े स्तर पर नकली नोटों को सप्लाई करने वाले लोगों से जुड़ा हुआ है। ये लोग भोले भाले लोगों को ठगी का शिकार बना रहे थे। पुलिस ने मनोहर लाल के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज करके संजय की गिरफ्तारी के लिए छानबीन शुरू कर दी है।