रानियां में काले बल्ले लगाकर प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी।
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सिरसा जिले के सभी एनएचएम कर्मचारियों ने सरकार की दमनकारी नीतियों के विरोध में गुरुवार को काले बिल्ले लगाकर कार्य कर अपना रोष प्रकट किया। उन्होंने मांग की कि लंबित मांगों को सरकार जल्द पूरा करे। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानी तो 25 अक्तूबर से कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करेंगे। कर्मचारियों का यह रोष शुक्रवार को भी जारी रहेगा।
आश्वासन देकर मुकरने का लगाया आरोप
जिले भर के एनएचएम कर्मचारियों ने गुरुवार को लंबित मांगों को लेकर काले बिल्ले लगाकर कार्य कर रोष व्यक्त किया। उनका आरोप है कि सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दे रही। गत नौ व 10 अगस्त को कर्मचारियों द्वारा की गई हड़ताल के बाद अतिरिक्त मुख्यसचिव स्वास्थ्य विभाग द्वारा मिशन निदेशक के कर्मचारियों को नियमित करने के लिए प्रस्ताव की मांग की थी, जिस पर निदेशक ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। इस कमेटी ने दो सितंबर को अपनी टिप्पणी सहित प्रस्ताव मिशन निदेशक को प्रस्तुत किया था। इसके बाद एक माह में कर्मचारियों को नियमित करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक इस प्रस्ताव पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। इस के विरोध में कर्मचारियों ने 13 और 14 अक्तूबर को रोष स्वरूप काले बिल्ले लगाकर कार्य करने का फैसला लिया। कर्मचारियों का कहना है कि यदि जल्द उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो 25 अक्तूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर देंगे।
नियमित करने की मांग पूरी न होने पर सरकार के खिलाफ जताया रोष
डबवाली में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन तहत कार्यरत कर्मचारियों ने नियमित करने की मांग को लेकर वीरवार को काले बिल्ले लगाकर सरकार के प्रति रोष जताया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि सरकार ने मांग अनदेखी की तो 25 अक्तूबर को वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे।
डबवाली एरिया में एनएचएम के तहत 64 कर्मचारी कार्यरत हैं। ये कर्मचारी 14 अक्तूबर को भी दूसरे दिन काले बिल्ले लगाकर रोष प्रकट करेंगे। इससे पूर्व नौ तथा 10 अगस्त 2016 को भी कर्मचारी हड़ताल पर रहे थे। हड़ताल के बाद स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने मिशन निदेशक से कर्मचारियों को नियमित करने हेतु प्रस्ताव की मांग की थी। निदेशक ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। गठित कमेटी ने हरियाणा सरकार, हिमाचल सरकार व राजस्थान सरकार द्वारा कर्मचारियों को नियमित करने हेतु बनाई गई पॉलिसी पर विचार करने के उपरांत दो सितंबर 2016 को अपनी टिप्पणी सहित प्रस्ताव मिशन निदेशक एनएचएम को प्रस्तुत किया था। जिसके आधार पर कर्मचारियों को आश्वासन दिया गया था कि यह पॉलिसी एक माह के भीतर लागू करके नियमित कर दिया जाएगा। परंतु अभी तक इस प्रस्ताव पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। कर्मचारियों के अनुसार प्रतीत होता है कि उच्च अधिकारी उन्हें पक्का करने के हक में नहीं है। एनएचएम एंप्लॉई एसोसिएशन की प्रदेश कमेटी ने कई दफा सीएम व स्वास्थ्य मंत्री से वार्तालाप के लिए समय मांगा। लेकिन एसोसिएशन को समय नहीं दिया गया।