जाट धर्मशाला में पत्रकारों को संबोधित करते किसान यूनियन के सदस्य । संवाद
सिरसा। सोनीपत में गृहमंत्री अमित शाह की रैली के दौरान गिरफ्तार किए किसानों को बिना शर्त रिहा करने के बाद किसानों ने नेशनल हाईवे जाम करने का निर्णय वापस ले लिया है। इससे पहले रविवार को दिन में जाट धर्मशाला में संयुक्त किसान मोर्चा गैर-राजनीतिक की हरियाणा और पंजाब के किसान नेताओं की बैठक की। इसमें हरियाणा के किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ की रिहाई को लेकर विचार चर्चा हुई।
बीकेई अध्यक्ष लखविंद्र सिंह औलख ने बताया कि सोनीपत में होने वाली गृहमंत्री अमित शाह की रैली को लेकर किसान नेता अभिमन्यु कोहाड़ सहित कई किसान साथियों को 28 जनवरी शनिवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। इनकी रिहाई के लिए 30 जनवरी को 12 बजे हरियाणा में धार (पानीपत), मम्यड़ टोल हांसी, भावदीन टोल सिरसा व पंजाब में बठिंडा थर्मल चौक और हरिके हैड श्री अमृतसर साहिब रोड जाम करने का निर्णय लिया गया था। उन्होंने कहा कि रात को किसानों की रिहाई के बाद यह निर्णय अब वापस ले लिया गया है। औलख ने कहा कि सोमवार को सिरसा में होने वाले किसानों के अर्द्ध नग्न प्रदर्शन और पुतला फूंक प्रदर्शन अपने तय समय पर ही होगा। इस बैठक में जगजीत सिंह डल्लेवाल, सुखजिंद्र सिंह खोसा, इंद्रजीत सिंह कोटबुढा, मंगल सिंह संधू, जसवीर सिंह झामका, कुलविंद्र सिंह, रटोल, सोहन सिंह, जरनैल सिंह रतिया सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।