संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। जिला बार एसोसिएशन ने बुधवार को सभी अदालतों का बहिष्कार जारी रखा। जिसके चलते कोई भी अधिवक्ता अदालत नहीं गया। हड़ताल के कारण न्यायिक कामकाज प्रभावित रहा। जिला बार एसोसिएशन के प्रधान एडवोकेट आदित्य राठौर का आरोप है कि एक न्यायिक अधिकारी ने बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया है।
जब तक उक्त न्यायिक अधिकारी अपनी गलती स्वीकार नहीं करते एसोसिएशन का कोई भी सदस्य किसी भी अदालत में नहीं जाएगा। बुधवार सुबह अदालतें खुलीं तो एक भी अधिवक्ता नहीं पहुंचा। इस वजह से जिन मामलों की सुनवाई होनी थी, वह नहीं हो सकी। इन केसों में अगली तारीख दे दी गई।
वहीं, जिन मामलों में सुनवाई पूरी हो चुकी थी, उन केसों में ही अदालतों ने फैसला सुनाया। बुधवार को विभिन्न अदालतों में करीब 895 केसों की सुनवाई होनी थी। सुबह बार एसोसिएशन प्रधान एडवोकेट आदित्य राठौर बार सदस्यों सहित अदालत की ओर जाने वाले प्रवेश द्वार पर बैठ गए। सुबह से लेकर शाम तक एक भी बार सदस्य प्रवेश द्वार के आगे नहीं गया।
11 हजार रुपये लगाया जाएगा जुर्माना
एसोसिएशन की ओर से बार सदस्यों को निर्देश जारी किया गया था कि अगर कोई सदस्य अदालत में गया तो उस पर 11 हजार रुपये जुर्माना लगाया जाएगा। हड़ताल के चलते अधिकांश अधिवक्ता सुबह 11 बजे ही वापस चले गए। बार प्रधान का कहना है कि जब तक एसोसिएशन की मांग नहीं मानी जाती अदालतों का बहिष्कार जारी रहेगा।