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वकील-एएसआई विवाद: छह दिन से वकीलों का वर्क सस्पेंड, तीन हजार से अधिक मामलाें की नहीं हुई सुनवाई

Sat, 25 Dec 2021 11:18 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा (हरियाणा)

सार

वकीलों की ओर से कोर्ट में प्रॉक्सी लगवाई जा रही है। जिसके बाद उन मामलों को आगे की तिथि मिल रही है। वहीं अब शीत सत्र में कोर्ट की छुट्टियां शुरू हो गई है। दो जनवरी के बाद ही अब कोर्ट खुल पाएगा।
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सेशन कोर्ट रूम के बाहर धरने पर बैठे वकील। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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सिरसा में वकील और एएसआई का कोर्ट में हुआ विवाद हर रोज बढ़ता जा रहा है। छुट्टी के दिन वकीलों ने सेशन कोर्ट रूम के बाहर भी धरना दिया और जज के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वकील बीते सोमवार से वर्क सस्पेंड कर रोष प्रकट कर रहे है। बीते छह दिनों से वकीलों द्वारा वर्क सस्पेंड किए जाने के कारण अब तक तीन हजार से अधिक केसों पर सुनवाई नहीं हो पाई। वकीलों की ओर से कोर्ट में प्रॉक्सी लगवाई जा रही है। जिसके बाद उन मामलों को आगे की तिथि मिल रही है। वहीं अब शीत सत्र में कोर्ट की छुट्टियां शुरू हो गई है। दो जनवरी के बाद ही अब कोर्ट खुल पाएगा।

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शनिवार को भी बार एसोसिएशन के सदस्यों ने छुट्टी के दिन भी सेशन कोर्ट रूम के बाहर धरना दिया। वहीं वकीलों ने कहा कि जब तक महिला एएसआई को सस्पेंड कर उनके खिलाफ मामला दर्ज नहीं किया जाता उनका वर्क सस्पेंड रहेगा। वहीं वकीलों ने अब हाईकोर्ट चीफ जस्टिस के समक्ष भी मामला रखने की तैयारी की है।

 

ताकि मामले में उक्त एएसआई के खिलाफ कार्रवाई अमल में लाई जा सके। हालांकि एसपी डॉ. अर्पित जैन ने मामले को लेकर जांच के आदेश भी दिए हैं लेकिन अभी तक मामले में कोई भी समाधान नहीं निकल पाया है। जिसके चलते वकीलों में ओर अधिक आक्रोश पनप रहा है। वहीं वकीलों का कहना है छुट्टियों के दिनों में भी उनका रोष प्रदर्शन इसी प्रकार से जारी रहेगा। जब तक जज उनके समर्थन में नहीं आते और दोषी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होती मामले का कोई भी समाधान नहीं होगा।
 

तीन हजार से अधिक केसों को मिल चुकी है आगे की तिथि

सिरसा के अलग-अलग कोर्टों में हर रोज करीब 600 मामलों पर सुनवाई होती है। लेकिन बीते छह दिनों से वकील प्रॉक्सी काउंसल को मामला भेज रहे हैं। जिसके बाद काउंसल उक्त मामले को जज के समक्ष पेश करता है। ऐसे में जज की तरफ से भी उक्त मामले की सुनवाई को लेकर आगे की तिथि दे दी जाती है। वहीं बेल मिलने और अन्य मामलों पर दोषियों को होने वाले सजा पर भी जजों की तरफ से फैसले नहीं सुनाए जा रहे हैं।

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महिला एएसआई के समर्थन में आने लगी है कई पंचायतें

तूर पकड़ रहा महिला एएसआई गुरमीत कौर वकील ठाकुर जांगड़ा में हुआ विवाद अब पंचायतों में सुर्खियों में है। बीते दिन ओढां के ग्रामीणों ने भी महिला एएसआई का समर्थन दिया था और एसपी से मिलकर आरोपी पर कार्रवाई की मांग की थी। वहीं ग्रामीणों ने वकीलों के खिलाफ मोर्चा खोलना शुरू कर दिया और अन्य कई गांवों को भी समर्थन में लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ताकि उनके गांव की बेटी को न्याय मिल सके और आरोपियों पर उचित कार्रवाई हो सके।

 

वकील बोले मामले में नहीं होनी चाहिए राजनीति

वहीं बार एसोसिएशन प्रधान गणेश सेठी ने कहा कि मामला वकीलों और महिला एएसआई में है। महिला एएसआई की तरफ से वकील के साथ अभद्र व्यवहार किया गया था। जबकि अब पंचायतें इस मामले को बीच में लेकर राजनीति कर रहे हैं। वहीं उन्होंने कहा कि सेशन जज की ओर से अभी उनको समर्थन नहीं मिल है। सेशन जज बीते दिन उनके धरने पर आए थे और उचित कार्रवाई का आश्वासन देकर लौट गए, लेकिन समर्थन नहीं मिला। सेशन जज भी महिला पुलिस कर्मी को बचाने का प्रयास कर रहे हैं और उनके समर्थन में नहीं आ रहे। वहीं प्रधान ने कहा कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाएगा तब तक उनका रोष प्रदर्शन जारी रहेेगा।

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