सिरसा। इंग्लैंड का स्टडी वीजा लगवाने के नाम पर 14 लाख रुपये हड़पने के आरोपी अमरीक सिंह को हाईकोर्ट ने अंतरिम राहत दी है। आरोपी अमरीक सिंह कैन ग्लोबल आईलेट्स एंड इमीग्रेशन कंपनी जगराओं पंजाब का प्रबंधक है। आरोपी अमरीक सिंह ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका लगाई थी।
इस याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस गुरविंद्र सिंह गिल ने शुक्रवार को अमरीक सिंह को अंतरिम राहत देते हुए आदेश दिए कि आरोपी की गिरफ्तारी की स्थिति में जांच अधिकारी की संतुष्टि के लिए याचिकाकर्ता को व्यक्तिगत बांड और जमानत बांड प्रस्तुत करने की शर्त पर अंतरिम जमानत पर रिहा किया जाएगा। हालांकि याचिकाकर्ता को जब भी बुलाया जाएगा, उसे जांच में शामिल होना होगा और जांच अधिकारी के साथ सहयोग करना होगा। इस मामले की अगली सुनवाई 28 फरवरी 2025 को होगी।
ये है पूरा मामला
मामले के अनुसार ऐलनाबाद की ढाणी प्रतापनगर निवासी लवप्रीत सिंह 12 कक्षा पास है। वर्ष 2023 में सब्जी मंडी ऐलनाबाद निवासी जितेंद्र ने लवप्रीत से संपर्क किया। उसने लवप्रीत से कहा कि वह उसे स्टडी वीजा पर इंग्लैंड भेज सकता है। उसने लवप्रीत सिंह को गुरपेज सिंह निवासी वार्ड नंबर 11 ऐलनाबाद से मिलवाया। गुरपेज सिंह ने वीजा लगाने की एवज में 14 लाख रुपये मांगे। लवप्रीत ने 14 लाख रुपये दे दिए। जितेंद्र और गुरपेज सिंह ने लवप्रीत से कहा कि उन्होंने अमरीक से सारे कागजात तैयार करवा लिए हैं। 29 अप्रैल 2023 को लवप्रीत कागजात लेकर दिल्ली हवाई अड्डे पर पहुंचा तो यहां अधिकारियों ने बताया कि आपका स्टडी वीजा नहीं, बल्कि टूरिस्ट वीजा है। इसके बाद लवप्रीत को धोखाधड़ी का पता चला और उसने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई। ऐलनाबाद थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया।