सिरसा के गांव मिठड़ी में ट्रैक्टर परेड का दृश्य।
ओढां। डब्ल्यूटीओ के विरोधस्वरूप किसान संगठनों ने राष्ट्रीय राजमार्ग व राज्य मार्गों पर 11 से तीन बजे तक ट्रैक्टर परेड की। इस दौरान किसानों ने अपने ट्रैक्टरों पर काले झंडे लगाकर सरकार के खिलाफ रोष जताया।
गांव मिठड़ी, ओढां व घुंकावाली में ट्रैक्टर मार्च के बाद डब्ल्यूटीओ के पुतले फूंके गए। ओढां में नई अनाज मंडी से लेकर गुरुद्वारा तक तथा मिठड़ी में मिठड़ी से टप्पी के करीब डेढ़ किलोमीटर के क्षेत्र में ट्रैक्टर परेड की गई। इस दौरान किसानों ने बस स्टैंड पर रोष प्रदर्शन किया।
जसवीर सिंह भाटी, गुरप्रेम सिंह देसूजोधा, खुशदीप हैबुआना, पूर्व सरपंच जगसीर सिंह मांगेआना, खुशकरण मिठड़ी, जगदीप सिंह लोहगढ़, मिट्ठू सिंह कम्बोज व जशन मिठड़ी ने कहा कि किसान सरकार से अपना हक मांग रहे हैं, लेकिन सरकार हठधर्मिता पर उतरी हुई है। उन्होंने कहा कि संविधान के अनुसार हर किसी को विरोध प्रदर्शन करने का अधिकार है। लेकिन सरकार रास्ते रोककर लाठियां बरसाकर भय का माहौल पैदा कर रही है। किसान अपना हक मांग रहे हैं, कोई खैरात नहीं। किसान नेताओं ने अपने संबोधन में कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगें नहीं मानती तब तक वापस नहीं लौटेंगे। उन्होंने कहा कि 14 मार्च को दिल्ली के रामलीला मैदान में संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा महापंचायत रखी गई है जिसमें किसान बढ़-चढ़कर भाग लेंगे।