फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सर्दियों में मैटेनेंस के नाम पर लाखों खर्च, अब गर्मी आते ही फेल होने लगे ट्रांसफार्मर

विज्ञापन
विज्ञापन
सिरसा। बिजली निगम की ओर से सर्दी में चलाया गया मरम्मत कार्य अभियान गर्मी आते ही फेल साबित हो रहा है। गर्मी बढ़ने के साथ ही ट्रांसफार्मर ओवरलोड होने लगे हैं। केबल लोड नहीं झेल पा रही हैं। बार-बार कट लगने से 43 डिग्री सेल्सियस तापमान में लोगों का बिना बिजली के रहना मुश्किल हो गया है।
विज्ञापन

सर्दी के सीजन में बिजली निगम अधिकारियों के बड़े-बड़े दावे थे कि गर्मियों में बिजली किल्लत का सामना नहीं करना पड़ेेगा। लाखों रुपये मरम्मत के नाम पर खर्च कर दिए, लेकिन फायदा नजर नहीं आ रहा है। शहरी क्षेत्र में 24 से ज्यादा बड़े ट्रांसफार्मर भी लगाने का दावा किया, लेकिन फाल्ट की समस्या अब भी दुरुस्त नहीं हो सकी है। निर्धारित कट के साथ-साथ तकनीकी समस्याओं के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हो रही है।
आम तौर पर सर्दी के सीजन में शहरी क्षेत्र में प्रतिदिन करीब 3 लाख यूनिट की खपत है जबकि जिले में करीब 12 लाख यूनिट प्रतिदिन सप्लाई होती है, लेकिन गर्मी के सीजन में ये खपत तीन गुना तक बढ़ गई है। बिजली निगम के आंकड़े बताते हैं जहां एक ओर शहरी क्षेत्र में प्रतिदिन 9 से 10 लाख यूनिट की खपत हो रही है वहीं दूसरी ओर जिले में प्रतिदिन का ये आंकड़ा 38 लाख से पार हो चुका है। बिजली खपत ज्यादा और उत्पादन कम होने के कारण निगम को कट लगाने पड़ रहे हैं। हालांकि रिकॉर्ड के अनुसार निगम ने कोई भी घोषित कट निर्धारित नहीं किया है लेकिन 24 घंटे के दौरान 10 से 12 अघोषित कट लगाए जा रहे हैं। प्रत्येक कट की अवधि 20 मिनट से लेकर डेढ़ घंटा तक रहती है। रात के समय अधिक कट लगाए जा रहे हैं। जहां ज्यादा खपत होती है, वहीं ज्यादा कट लगाए जाते हैं। दिन के समय बाजारों में जबकि रात्रि के समय रिहायशी इलाकों में ज्यादा कट लगाए जाते हैं।
विज्ञापन

विभाग का तर्क : उपभोक्ता नहीं बता रहे उन्हें कितना बढ़ाया लोड
बिजली निगम की ओर से नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। शिकायत केंद्र में प्रतिदिन 100 से ज्यादा इस समस्या पहुंच रही है। इनमें 35 से ज्यादा शिकायतें ट्रांसफार्मर के फ्यूज उड़ने की आ रही है। इसके अलावा तार टूटने और अन्य फाल्ट मिल रहे हैं, लेकिन बड़ा सवाल ये है कि सर्दी के सीजन के दौरान निगम की ओर से शहर के सभी बाजारों में सर्वे भी किया गया था। जहां तारें कमजोर और पुरानी थी, वे बदली गई जबकि कई ट्रांसफार्मर भी नए लगाए गए, लेकिन ये सब व्यवस्था फेल साबित हुई है। निगम अधिकारियों का तर्क है कि उपभोक्ताओं ने बिना मंजूरी और निगम को सूचना दिए ही लोड बढ़ा लिया है।
इन एरिया में बिजली की ज्यादा खपत
- दिन के समय रोड़ी बाजार, हिसारिया बाजार, सदर बाजार, भादरा बाजार, नोहरिया बाजार, मोहंता मार्केट, सरकूलर रोड, डबवाली रोड, रानियां बाजार सहित पुराना सिटी थाना रोड और अन्य मार्केट का एरिया आता है।
- रात समय हुडा सेक्टर, ए,बी,सी,डी,ई, एफ-ब्लॉक, गांधी कॉलोनी, डीसी कॉलोनी, राम कॉलोनी, एडीसी कॉलोनी, भगत सिंह कॉलोनी सहित अन्य कॉलोनियों में ज्यादा खपत होती है। इसके अलावा औद्योगिक एरिया जैसे सिविल अस्पताल रोड, रानियां रोड, दिल्ली पुल के पास स्थित फैक्टरी एरिया सहित अन्य क्षेत्र शामिल हैं, जहां बिजली की ज्यादा खपत होती है।
औद्योगिक क्षेत्र में आ रहीं शिकायतें
जिला मुख्यालय स्थित औद्योगिक क्षेत्र में बिजली आपूर्ति की शिकायतें आ रही है। यह पूरा क्षेत्र बिजली पर निर्भर है। यहां पर बड़ी-बड़ी मशीनें बिजली की सहायता से चलती हैं। परंतु इस क्षेत्र में रोजाना करीब 20 से 25 शिकायतें बिजली निगम के पास आ रही हैं। आपूर्ति बाधित होने से धंधा चौपट हो रहा है।
आदेश आने के बाद रात को कट लगाए जा रहे हैं। लोड बढ़ने के कारण कट लग रहे हैं। जल्द ही स्थिति में सुधार लाने के प्रयास किए जा रहे हैं। - मोहनलाल जांगड़ा, एसडीओ, बिजली निगम सिरसा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें