संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। जिले में फर्जी बने बीपीएल कार्ड को जिला खाद्य आपूर्ति विभाग की ओर से पहचान करके उन्हें रद्द करवाया जाएगा। इसके लिए विभाग बीपीएल कार्ड को पहचान करने के लिए ई-केवाइसी के डेटा का मिलान करेगा। इसके साथ ही बीपीएल परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड व फिंगर प्रिंट भी ई-केवाइसी पर अपडेट करवाए जाएंगे। इससे फर्जी बने बीपीएल कार्ड की पहचान हो पाएगी और उसे तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया जाएगा।
जिले में 2,57,537 बीपीएल कार्ड है। 9,81,742 लोगों को बीपीएल कार्ड के तहत सुविधा मिल रही है। इसके साथ ही विभाग के पास फर्जी बीपीएल कार्ड बनने की शिकायत पर भी पहुंची रही है। ऐसे में विभाग ने फर्जी बीपीएल कार्ड धारकों की पहचान करेगा। ई-केवाइसी के आधार पर बीपीएल कार्ड की पुष्टि की जाएगी। एक परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड और फिंगर प्रिंटर्स लिए जाएंगे। इतना ही नहीं, सरकारी नौकरी का डेटा का उठान भी ई-केवाइसी पर अपडेट करवाया जाएगा। तीनों माध्यमों की जांच करने के बाद ही बीपीएल कार्ड सही है या गलत है, इसकी पुष्टि हो पाएगी। अधिकारियों की माने तो ई-केवाइसी के बाद हर उस बीपीएल कार्ड का रद्द कर दिया जाएगा, जिसे गलत बनाया गया है। अधिकारियों के अनुसार सरकारी नौकरी लगने के बाद भी कई लोगों द्वारा बीपीएल कार्ड रद्द नहीं करवाया जाता है। इतना ही नहीं, इसकी अपडेट जानकारी भी विभाग को उपलब्ध नहीं करवाई जाती है। ऐसी स्थिति में राशन वितरण प्रणाली में भ्रष्टाचार पैदा हो जाता है। इसी को जड़ से खत्म करने के लिए विभाग की ओर से यह तरीका लागू किया गया है।
बॉक्स
ई - केवाईसी के लिए आवश्यक दस्तावेज
आधार कार्ड की प्रमाणित प्रति की फोटो कॉपी और मूल आधार कार्ड।
2-3 पासपोर्ट फोटोग्राफ।
पते की पुष्टि के लिए वैध पता प्रमाणपत्र जैसे पासपोर्ट, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस।
आय की पुष्टि के लिए बैंक खाते के पिछले तीन महीने के बैंक स्टेटमेंट।
यदि आप किसी कंपनी में नौकरी करते हैं, तो आपकी नौकरी की पुष्टि के लिए तीन महीने के वेतन स्लिप की कॉपी।
कोटस
बीपीएल कार्ड को सही पहचान करने के लिए ई-केवाइसी के डेटा का मिलान किया जाएगा। बीपीएल परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड व फिंगर प्रिंट भी ई-केवाइसी पर अपडेट करवाए जाएंगे। फर्जी बने बीपीएल कार्ड की पहचान हो पाएगी और उसे तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया जाएगा। - कप्तान सिंह, जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी।