रॉयल हवेली में राष्ट्रीय नाई महासभा का 22वां स्थापना दिवस मनाते हूए सभा के सदस्य व अन्य। विज्ञ
सिरसा। हिसार रोड स्थित रॉयल हवेली में राष्ट्रीय नाई महासभा के 22वें स्थापना दिवस पर सम्मेलन का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय अध्यक्ष आजाद गांधी की अध्यक्षता में हुए इस सम्मेलन में देश भर से नाई समाज के लोगों ने शिरकत की। कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि ओडिशा के पूर्व राज्यपाल प्रो. गणेशीलाल रहे, वहीं मनीष सिंगला ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की।
इस मौके पर समाज के उत्थान के बारे में चर्चा की गई। इस मौके पर प्रो. गणेशीलाल ने कहा कि नाई समाज का इतिहास बेहद गौरवशाली और सेवाभाव से भरा रहा है। समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास की धारा पहुंचानी अनिवार्य है। शिक्षा और एकता ही वह चाबी है, जिससे हम समाज को सशक्त बना सकते हैं।
इस सम्मेलन का उद्देश्य केवल चर्चा करना नहीं, बल्कि समाज के भीतर उस आत्मविश्वास को जगाना है जिससे वे राष्ट्र निर्माण में अपनी अहम भूमिका निभा सकें। मनीष सिंगला ने कहा कि किसी भी समाज की उन्नति उसके सेवा भाव और संगठित होने पर निर्भर करती है। राष्ट्रीय नाई महासभा जिस तरह से अपने लोगों को जोड़ने का कार्य कर रही है, वह सराहनीय है।
-
राजनीति में नाई समाज की भागीदारी होगी चाहिए : गांधी
नाई महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष आजाद गांधी ने कहा कि नाई समाज की राजनीतिक भागीदारी भी होनी चाहिए और इसलिए लिए प्रयास किए जाने चाहिए। उन्होंने इस दिशा में सिंगला परिवार से सहयोग की उम्मीद भी जताई। महासभा के प्रदेशाध्यक्ष विजय सैन, गुज्जर सभा के प्रधान सांवरमल गुज्जर, अग्रवाल सभा के प्रधान जेपी गुप्ता, नगर परिषद चेयरमैन वीर शांति स्वरूप, ईश्वर गंगवा, नवीन ठाकुर, अशोक, नवरत्न टांक, नारू , सपना सैन, ममता सैन आदि मौजूद रहे।