पंजाब के सीएम परकाश सिंह बादल के गृहक्षेत्र लंबी में स्थित एक निजी विद्यालय में विवाहिता से गैंगरेप का मामला सामने आया है। पीड़िता भी संबंधित क्षेत्र की है। वह अस्पताल में उपचाराधीन है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
पीड़िता ने बताया कि उसकी बहन जलघर क्षेत्र में रहती है। 19 जुलाई को शाम करीब छह बजे बर्फ लेकर उसके पास जा रही थी। घर से कुछ दूरी पर स्थित एक निजी विद्यालय में कार्यरत कर्मचारी ने उससे बर्फ की मांग की। जब वह उसे बर्फ देने लगी तो वह उसे खींचकर स्कूल में ले गया। भीतर उसके चार साथी खड़े थे। वे उसके साथ जबरदस्ती करते हुए बेसमेंट में ले गए।
आरोपियों ने शराब पी रखी थी। उसके साथ रेप किया। 20 जुलाई को सुबह करीब पांच बजे उसे बाहर निकाला। उसे चाकू दिखाकर आरोपियों ने धमकी दी कि अगर उपरोक्त घटना की जानकारी अपने परिजनों को दी तो वे उसे जान से मार देंगे। उसे चाकू की नोंक पर दो आरोपियों ने बाइक पर बैठाया और चल दिए। बाद में उसे अबोहर के नजदीक स्थित मायका में घर के पास फेंक दिया। दो दिन तक वह बेहोश रही। शुक्रवार शाम को परिजन उसे ससुराल घर लेकर आए। पीड़िता की आपबीती सुन परिजनों के पैरों तले से जमीन खिसक गई। शनिवार को परिजनों ने उपचार के लिए उसे अस्पताल में दाखिल करवाया। इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने निजी स्कूल की बेसमेंट का निरीक्षण भी किया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार बहला-फुसलाकर भगा ले जाने की शिकायत पीड़िता के पति ने दर्ज करवाई थी। मामले की जांच शुरू कर दी थी। पूछताछ के लिए कुछ लोगों को हिरासत में लिया था। अब पीड़िता पांच लोगों पर दुष्कर्म का आरोप लगा रही है। गहनता से मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस ढूंढ रही हैं इन सवालों के जवाब
1. पीड़िता तीन आरोपियों का नाम बता रही है। जबकि उसका कहना है कि वह इससे पहले उन्हें कभी नहीं मिली। फिर वह कैसे उनको पहचानती है।
2. पति ने पुलिस में दर्ज करवाई शिकायत में नाम लिखे हैं? पीड़िता मिलने से पहले उसे नामों का कैसे पता चला?
3. पूरा मोहल्ला पीड़िता के साथ चल रहा है। कहना है कि आरोपी पीड़िता से छेड़छाड़ करते थे। फिर शिकायत क्यों नहीं की?