संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थियों और खिलाड़ियों को बेहतरीन सुविधाएं देने का दावा करता है, लेकिन खेल मैदान की स्थिति दयनीय अवस्था में है। खेल मैदान आधारभूत सुविधाओं को तरस रहा है। जहां एक ओर मैदान में सिंचाई की नियमित व्यवस्था न होने के कारण घास सूख चुकी है, वहीं नेट की जालियां भी टूटी पड़ी हैं। वॉलीबाल मैदान में झाड़ियां उगीं हैं। इससे खिलाड़ियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
सीडीएलयू कैंपस में खिलाड़ियों की सुविधाओं के लिए खेल मैदान की व्यवस्था है। यहां साज-संभाल नियमित रूप से न होने के कारण व्यवस्था बिगड़ी रहती है। खिलाड़ी यहां सुबह-शाम अभ्यास करने के लिए आते हैं लेकिन सुविधाओं के अभाव में परेशानियां झेलते हैं। नियमित रूप से सफाई और सिंचाई न होने से घास सूख चुकी है। फुटबाल मैदान में दोनों तरफ गोल करने के लिए नेट लगा होता है, लेेकिन उचित देखभाल के अभाव में जालियां गल कर क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं। प्रशासन इस ओर ध्यान देना ही भूल गया है। सीडीएलयू के खिलाड़ियों राजेश कुमार, दीपक ने बताया कि यहां अभ्यास करते हैं, लेकिन सुविधाओं की कमी है। कई बार अधिकारियों को शिकायत भेजी गई है लेकिन उनकी समस्या नहीं सुनी जाती।
घास की नहीं होती कटिंग
सीडीएलयू के खेल ग्राउंड में फुटबाल मैदान, एथलेटिक ट्रैक, वॉलीबाल मैदान सहित अन्य मैदान भी हैं। मैदान के पास ही कर्मचारियों के क्वार्टर भी हैं। हॉस्टल के रमेश, जतिन, कमल ने बताया कि नियमित रूप से घास की कटिंग हो जाए, तो मैदान सुंदर नजर आएगा। कर्मचारी कई-कई दिन तक यहां घास नहीं काटते। ऐसे में बड़ी झाड़ियां भी उग चुकी हैं। झाड़ियां और बड़ी घास होने के कारण छोटे जानवरों की संख्या भी बढ़ जाती है। इन जानवरों के घरों में घुसने भी आशंका रहती है। खेल मैदान में चेंजिंग रूम के नाम पर केवल एक स्टोर रूम है। इसमें खेल का सामान और कबाड़ रखा हुआ है। इसके अलावा वाटर कूलर भी चेंजिंग रूम में ही रखा गया है। इस कारण खेल आयोजन के समय खिलाड़ियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। बड़ी परेशानी महिला खिलाड़ियों के लिए होती हैं।
जल्द करवा देंगे सफाई और जालिया भी बदलवा देंगे : रजिस्ट्रार
खेल के मैदान में जल्द ही सभी सुविधाएं उपलब्ध करवा दी जाएंगी। जो जालियां टूटी हैं, उन्हें बदलाव दिया जाएगा। सफाई और सिंचाई भी करवा देंगे। -डॉ. राजेश कुमार बांसल, रजिस्ट्रार, सीडीएलयू, सिरसा।