सोमवार को गांव अबूबशहर के नजदीक भारतीय सेना का एक वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे में मेजर सहित दो जवान बुरी तरह से घायल हो गए। सिर पर चोट के चलते एक जवान को सीटी स्कैन के लिए बठिंडा रेफर कर दिया गया। करीब एक घंटे तक जवान को सरकारी एंबुलेंस नहीं मिली तब उसे एक निजी एंबुलेंस से बठिंडा ले जाया गया।
दोपहर करीब 12 बजे भारतीय सेना के वाहन डबवाली की ओर आ रहे थे। इसी दौरान एक वाहन अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े पेड़ से जा टकराया। हादसा इतना भयानक था कि वाहन बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। पीछे चल रहे चौटाला पुलिस चौकी इंचार्ज बलवीर शर्मा ने वाहन में फंसे घायल मेजर तारूष राणा, कांस्टेबल रोहताश तथा चालक मिथनु को बाहर निकाला। मेजर तथा कांस्टेबल को उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में पहुंचाया गया। रोहताश के सिर पर गहरी चोट के चलते चिकित्सक ने सीटी स्कैन के लिए उसे सिरसा रेफर कर दिया। लेकिन मेजर ने उसे मिलिट्री अस्पताल बठिंडा के लिए रेफर करवा दिया।
करीब एक घंटा तक सरकारी एंबुलेंस ने मिलने के कारण सेना का जवान इमरजेंसी में लेटा रहा। डबवाली जन सहारा सेवा संस्था की एंबुलेंस बेहतर उपचार के लिए उसे मिलिट्री अस्पताल में लेकर गई। जबकि तीसरा घायल चालक मिथुन क्षतिग्रस्त गाड़ी की रखवाली करता रहा। चौटाला चौकी इंचार्ज बलवीर शर्मा के अनुसार हादसा बहुत भयानक था। मिथुन की एक टांग पर चोट थी। लेकिन वह गाड़ी में रखे असले की रखवाली के लिए मौके पर ठहर गया।
इसलिए नहीं मिली एंबुलेंस
सिविल अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी एमके भादू ने बताया कि सरकारी एंबुलेंस चौटाला रोड पर लावारिस पशु से टकरा गई थी। जिससे एंबुलेंस की हैड लाइट टूट गई थी। रेडियेटर में रिसाव शुरू हो गया था। एंबुलेंस वर्कशॉप पर खड़ी है। इसके चलते जवान को एंबुलेंस नहीं मिली।