सिरसा। जिला परिषद सिरसा के चेयरमैन कर्ण चौटाला ने जिला परिषद के सदस्यों द्वारा उनके खिलाफ ग्रामीण विकास के लिए दी जाने वाली राशि के आवंटन में भेदभाव के आरोपों को पूरी तरह निराधार व तथ्य से परे बताया है। शनिवार को जारी बयान में जिला परिषद सिरसा के चेयरमैन, कर्ण चौटाला ने कहा कि उनके ही कार्यकाल में ग्रामीण विकास के लिए सबसे अधिक राशि आई है और उन्होंने समान विकास के आधार पर उक्त राशि का आवंटन भी किया है। उन्होंने जिला परिषद के सदस्यों द्वारा इस आरोप को पूरी तरह आधारहीन बताया है जिसमें कहा गया कि उनके कार्यकाल में ग्रामीण विकास के लिए आई हुई राशि लैप्स हुई।
उन्होंने स्पष्ट किया कि वे गांवों के सांझा विकास के लिए हमेशा तत्पर रहे हैं और भविष्य में भी रहेंगे मगर व्यक्तिगत विकास के लिए पैसा मांगने वालों का उनके पास कोई जवाब नहीं है। कर्ण चौटाला ने पलटवार करते हुए कहा कि शनिवार को जिला परिषद के जो सदस्य उनपर गलत आरोप लगाकर धरने पर बैठे हैं, वे सदस्य ही वास्तव में जिला परिषद की बैठकों के प्रति गंभीर नहीं होते। जिला परिषद की बैठकों में ये सदस्य ही मनमानी करने का प्रयास करते हैं और अनुशासनहीनता दिखलाते हैं। जिप चेयरमैन कर्ण चौटाला ने दोहराया कि वे विकास के पक्षधर हैं और उन्होंने अब तक करोड़ों रुपये देकर ग्रामीण आंचल में अनेक विकास कार्य करवाए हैं जिसकी बदौलत, जिले भर के गांवों के निवासी लाभान्वित हो रहे हैं।