गांव शेरपुरा में पंचायत में हुई चर्चा, जांच के बाद कार्रवाई की बात
संवाद न्यूज एजेंसी
डिंग मंडी। नाथूसरी चौपटा खंड के गांव शेरपुरा में एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पर बच्चों के लिए आए पोषण आहार का अनाज बेचने का आरोप लगने से शुक्रवार को विवाद खड़ा हो गया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कार्यकर्ता बच्चों के लिए आया अनाज एक वाहन में लोड करवा रही थी।
ग्रामीणों ने कहा कि इसका विरोध करने के बावजूद अनाज वाहन में ले जाया गया और बाद में गांव के चौक स्थित एक दुकान पर बेच दिया गया। ग्रामीणों का दावा है कि शुक्रवार सुबह कुछ युवकों ने अनाज वाहन में लोड होते देखा और मौके पर पहुंचकर इसका विरोध किया।
इसके बावजूद अनाज वाहन में भरकर ले जाया गया। घटना के बाद गांव में लोगों की भीड़ जुट गई और मामले को लेकर काफी देर तक चर्चा होती रही। ग्रामीणों का यह भी दावा है कि घटना से संबंधित एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
उनके अनुसार, वीडियो में कार्यकर्ता का एक परिजन जिसने कथित रूप से अनाज वाहन में लोड कराने में सहयोग किया अपनी गलती स्वीकार करता दिखाई दे रहा है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
मामले में गांव में पंचायत भी बुलाई गई। पंचायत के दौरान दोनों पक्षों के बीच लंबी बातचीत हुई। ग्रामीणों के अनुसार, कार्यकर्ता के परिजनों ने पंचायत में माफी मांगी लेकिन मामले में कोई सर्वसम्मत निर्णय नहीं हो सका। इसके बाद सभी पक्षों ने पुलिस में शिकायत देकर कानूनी कार्रवाई कराने पर सहमति जताई।
कोट्स
पुलिस में शिकायत दर्ज होने और जांच की आधिकारिक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है। आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। मामले की जांच करवाई जा रही है। यदि जांच में कोई भी व्यक्ति दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस तरह की घटनाओं में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।
-सीमा रानी, सरपंच, शेरपुरा।