आखिर में शक की सूई निर्मल वर्मा निवासी सुखसागर कॉलोनी सिरसा पर टिक गई। क्योंकि आरोपी का कुछ दिन पहले मृतक अमन वर्मा के साथ झगड़ा हुआ था। सीआईए टीम ने आरोपी निर्मल वर्मा को बेगू एरिया से काबू कर लिया। आरोपी ने आरंभिक पूछताछ पर पुलिस टीम को बरगलाने की बहुत कोशिश की। लेकिन सीआईए टीम के आगे आरोपी ज्यादा देर नहीं टिक सका और अपने 5 साथियों के साथ मिलकर दोनों युवकों की हत्या करने की बात कुबूल कर ली।
सीआईए टीम ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए बाकी 4 हत्यारों को भी काबू कर लिया। वारदात में कुल 6 आरोपी शामिल थे जिनमें से 5 आरोपियों को काबू किया जा चुका है। एक आरोपी गोकुल निवासी बेगू फरार चल रहा है जिसे जल्दी ही काबू कर लिया जाएगा।
ये था मामला
थाना नाथूसरी चोपटा में सूचना मिली थी कि कुतियाना माइनर रकबा गांव नाथूसरी कलां में पानी के अंदर 2 युवकों की लाशें पड़ी हैं। सूचना पाकर एसएचओ नाथूसरी चोपटा सुखबीर सिंह, सीआईए इंचार्ज निरीक्षक रविंदर कुमार, डीएसपी ऐलनाबाद जगदीश काजला, डीएसपी सिरसा राजेश चेची व खुद पुलिस अधीक्षक अरुण सिंह मौके पर पहुंचे निरीक्षण किया।
दोनों युवकों को निर्ममता से तेजधार हथियारों से काटकर माइनर के अंदर फेंका गया था लेकिन उसी रात माइनर का पानी बंद हो जाने के कारण डेड बॉडी ज्यादा दूर नहीं गई। यही वजह हत्यारों के गले की फांस बन गई। क्योंकि जिस जगह से डेड बॉडी मिली उससे थोड़ी ही दूरी पर दोनों युवकों की हत्या की गई थी जिस कारण पुलिस को मौका घटनास्थल ढूंढने में ज्यादा दिक्कत नहीं हुई ।
मौके पर डेड बॉडी की जेब से एक मोबाइल फोन बरामद हुआ था। जिससे मृतकों की पहचान अमन वर्मा निवासी रामगढ़ राजस्थान व जितेंद्र वर्मा निवासी गोशाला मोहल्ला सिरसा के रूप में हुई। एसएचओ नाथूसरी चोपटा के बयान पर अज्ञात हत्यारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।