हरियाणा के जिला सिरसा के सामान्य अस्पताल में इलाज के दौरान शुक्रवार रात महिला की मौत के बाद परिजनों और गामीणों ने लापरवाही का आरोप लगाते डॉक्टर के खिलाफ मामला दर्ज किए जाने की मांग पर अस्पताल के मुख्य द्वार पर ताला लगाकर यातायात जाम कर दिया।
ढाई घंटे बाद सिविल सर्जन ने प्रदर्शनकारियों को उचित कार्रवाई को आश्वासन देकर सड़क जाम और ताला खुलवाया। परिजनों की मांग पर शव को पोस्टमार्टम के लिए पीजीआई रोहतक भेजा गया है।
मृतका सीमा देवी (30) के पति सुखदेव सिंह निवासी गांव गिदड़ावाली ने बताया कि बीती सात जून 2013 को रानियां में सामान्य अस्पताल सिरसा के डॉक्टरों द्वारा नसबंदी शिविर लगाया गया था।
शिविर में उसकी पत्नी सीमा का ऑपरेशन महिला डॉक्टर अंजलि नारंग ने किया, लेकिन ऑपरेशन के बाद उसकी पत्नी की तबीयत ज्यादा खराब हो गई तो उसे आठ जून को सामान्य अस्पताल सिरसा में दाखिल करवाया गया।
जहां पर डॉ. अंजलि ने कहा था कि घबराने वाली कोई बात नहीं है, पर दो दिन अस्पताल में रखने के बाद डॉक्टर ने सीमा को तुरंत पीजीआई रोहतक ले जाने की बात कही।
सुखदेव ने बताया कि इसके बाद उसने अपनी पत्नी सीमा को चंडीगढ़ पीजीआई में दाखिल करवाया।
यहां दो माह इलाज चलने के बाद उसे चार दिन पहले सामान्य अस्पताल में पुन: लाया गया, जहां शुक्रवार रात को उसकी मौत हो गई। सुखदेव सिंह ने डॉ. अंजलि पर ऑपरेशन में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। मृतका के दो बच्चे हैं।
अस्पताल के मुख्य द्वार पर जड़ा ताला
सीमा की मौत से गुस्साए परिजनों और ग्र्रामीणों ने रोष स्वरूप अस्पताल के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया। प्रदर्शनकारियाें हरविंद्र सिंह, धर्मचंद, लालचंद, गुरचरण सिंह, राज मेहता, किरन पाल सिंह, चेतनदास, ओम प्रकाश पंच, मोहन लाल पंच, सुभाष कंबोज, इंद्रसेन, गुरमेल सिंह और हरनेक सिंह आदि ने डॉक्टर के खिलाफ नारेबाजी करते उसे गिरफ्तार करने की मांग की।
बाद में प्रदर्शनकारियों ने सामान्य अस्पताल के सामने यातायात जाम कर दिया, जिससे रोड के दोनों ओर वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं। अस्पताल में आने वाले मरीजों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
रोड जाम की सूचना मिलतेे ही थाना शहर प्रभारी दलीप सिंह पुलिस बल सहित मौके पर पहुंचे। उन्होंने अस्पताल का गेट खुलवाने के लिए परिजनों से बात की, लेकिन उन्हें परिजनों के रोष का सामना करना पड़ा।
परिजनों ने दो टूक में कहा कि जब तक आरोपी डॉक्टर को गिरफ्तार नहीं किया जाता तब तक प्रदर्शन जारी रखेंगे।
उधर, पुलिस ने अस्पताल के तीन अन्य गेट खुलवाए ताकि मरीजों को परेशानी न हो साथ ही वाहनों को अन्य मार्ग से होकर निकाला गया।
सिविल सर्जन के आश्वासन पर माने प्रदर्शनकारी
मृतका के परिजनों ने शनिवार सुबह 11 बजे अस्पताल के गेट पर ताला डालकर यातायात जाम किया। इस बीच प्रदर्शनकारियों को समझाने के प्रयास किए गए।
थाना प्रभारी दलीप सिंह ने कहा कि पहले शव का पोस्टमार्टम करवाया जाए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी, पर प्रदर्शनकारी नहीं माने।
करीब डेढ़ बजे सिविल सर्जन डॉ. सुरेंद्र नैन मौके पर पहुंचे और उन्होंने कहा कि कार्रवाई पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही होगी, लेकिन वे लोग शव का जिस अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाना चाहते है शव वहां भेज दिया जाएगा।
बाद में परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम पीजीआई रोहतक में करवाने की बात कही। इसके बाद शव रोहतक भेज दिया गया। बाद में प्रदर्शनकारियों ने ताला और जाम खोल दिया।