संवाद न्यूज एजेंसी
रोहतक। नगर निगम की ओर से की जा रही स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारियों को शहर के पार्क आईना दिखा रहे हैं। निगम की ओर से पार्कों की मरम्मत के सालाना 12 करोड़ के बजट के बावजूद भी अब तक सभी पार्कों के हालात नहीं सुधरे हैं। स्थिति यह है कि शहर के कुछ पार्काें पर तो फोकस किया जा रहा है जबकि कई की सुध नहीं ली जा रही है।
शहरवासियों का कहना है कि नगर निगम की ओर से किसी पार्क में तो अतिरिक्त राशि खर्च की जा रही है जबकि किसी में हरियाली तक नहीं है। संबंधित अधिकारियों का दावा है कि पार्कों की हालत सुधारी जा रही है।
हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी जसबीर कुमार व धीरज एवं आंबेडकर काॅलोनी निवासी पवन व अन्य लोगों ने बताया कि पार्कों में कई लोग नशा भी करते हैं। ऐसे में यहां घूमने आने वाले लोग असहज महसूस करते हैं।
शिव शंभू पार्क पटेल नगर चारों तरफ ग्रिल टूटी हुई है। पार्क में घास भी नहीं है। बेंच व झूले भी टूटे हैं। इस पार्क में तो सबसे बुरा हाल है। बता दें कि शहर में नगर निगम के 150 से अधिक पार्क हैं।
शिवाजी कॉलोनी फाउंडेशन पार्क में घास नहीं है। इस कारण यहां पार्क का नजारा ही बदला हुआ है। झूले भी टूटे हुए हैं और सबमर्सिबल भी खराब है। सभी पार्काें पर पर फोकस होना चाहिए।
- विरेंद्र खुराना, शिवाजी कॉलोनी
शंभू पार्क के बुरे हालात बने हुए हैं, पार्क को कूड़ादान बना रखा है। लोग इसके अंदर अपना सामान रखते हैं। गाड़ियां तक खड़ी करने लगे हैं। नगर निगम प्रशासन का इसकी तरफ कोई ध्यान नहीं है।
- तिलक राज, पटेल नगर
स्वच्छता के मद्देनजर पार्कों की देखरेख कराई जा रही है। सरकार की नीति के अनुसार आरडब्ल्यूए इनकी देखरेख कर रही है। अगर कहीं समस्या है तो उसका निरीक्षण कर समाधान कराया जाएगा।
- डॉ. आनंद शर्मा, निगम आयुक्त
29-शहर के पटेल नगर स्थित शंभू पार्क के प्रवेश द्वार की टूटी ग्रिल । संवाद