रोहतक। रिटौली गांव के दो पक्षों में रंजिश के चलते तनावपूर्ण माहौल है। क्योंकि गांव में एक सप्ताह के अंदर तीन हत्याएं हो चुकी हैं। इतना ही नहीं, एक पक्ष का अंकित उर्फ बाबा व दूसरे पक्ष से हिमांशु उर्फ भाऊ अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। सीआईए पुलिस दोनाें आरोपियों को गिरफ्तार करने का प्रयास कर रही है।
उधर, बुधवार की शाम हुए दोहरे हत्याकांड में पुलिस ने तीसरे आरोपी सुनील को वारदात की साजिश में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया, जहां से मंगलवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इससे पहले पुलिस गांव के युवक अनिल व कबूलपुर के युवक मोहित को साजिश में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार कर चुकी है।
पुलिस के मुताबिक रिटौली गांव में काफी समय से दो पक्षों में रंजिश चल रही है। बुधवार शाम गांव के युवक दलबीर सिंह ने शिकायत दी कि उसने घर में बैंक मित्र कार्यालय खोल रखा है। गांव का युवक अंकित अपने दो साथियों के साथ आया और जेल में पैसे भेजने की बात कही। उसने मना कर दिया। थोड़ी देर बाद तीनों युवक दोबारा आए और पहले से उसके कार्यालय में बैठे रोहित को गोली मार दी। इसके बाद भागते समय जब दलबीर के पिता राजेंद्र ने युवकों को पकड़ने का प्रयास किया तो उसे भी गोली मार दी। राजेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि रोहित ने पीजीआई में दम तोड़ा था। पुलिस दोहरे हत्याकांड की जांच कर रही थी कि सोमवार सुबह साढ़े 6 बजे गांव के शराब ठेकेदार एवं बस संचालक हंसराज उर्फ हंसे ठेकेदार की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हंसराज के भाई ने गांव के युवक हिमांशु उर्फ भाऊ सहित चार के खिलाफ केस दर्ज करवाया था। भाऊ की लंबे समय से पुलिस को तलाश है। उस पर झज्जर पुलिस ने 25 हजार का इनाम घोषित कर रखा है, लेकिन अभी आरोपी हाथ नहीं आया है।
वर्जन
अभी एक तरफ से अंकित उर्फ बाबा व दूसरी तरफ से हिमांशु उर्फ भाऊ पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। दोनाें की जल्द गिरफ्तारी होना जरूरी है। पुलिस अपनी तरफ से पूरा प्रयास कर रही है।
सब इंस्पेक्टर अनेश कुमार, प्रभारी अपराध जांच शाखा प्रथम