झज्जर। जिले के कई सरकारी स्कूल ऐसे हैं, जो दूसरों के लिए नजीर बने हैं। इन स्कूलों में शिक्षा का स्तर और विद्यार्थियों का ज्ञान निजी स्कूलों से किसी मायने में कम नही है। शहर के सबसे पुराना शहीद रमेश कुमार राजकीय माॅडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से किसान मसीहा और शिक्षा के क्षेत्र में अहम योगदान करने वाले छोटूराम ने शिक्षा ग्रहण की । इसके अलावा पंडित श्री राम शर्मा के परिवार के सदस्यों, मंगलीराम सहित कई स्वतंत्रता सेनानी यहां पढ़े हैं।
स्कूल की शान अब भी बरकरार है। यहां से पढ़कर निकलने वाले विद्यार्थी आईएएस, एचसीएस जैसे बडे़ पदों तक पहुंचे हैं। कई आईआईटी, जेईई पास कर कंपनियों में काम कर रहे हैं। सरकारी स्कूल से ही कई खिलाड़ी निकले हैं। इसके अलावा गंगडवा के राजकीय प्राइमरी स्कूल के बच्चों का अंग्रेजी रीडिंग स्किल बेहतर है। निजी स्कूल के बच्चों को भी वह मात दे। यही नहीं भदानी के सरकारी स्कूल में बच्चों को खेल-खेल में शिक्षा दी जाती है। यहां अलग-अलग क्रियाकलाप कराकर शिक्षा दी जाती है। ऐसे ही अन्य स्कूल हैं, जो आज के समय में प्राइवेट स्कूलों को भी पीछे छोड़ रहे हैं।
अंग्रेजी पढ़ने में दक्ष गंगडवा राजकीय विद्यालय के बच्चे : राजकीय प्राइमरी स्कूल गंगडवा में पढ़ने वाले बच्चे अंग्रेजी पढ़ने में दक्ष है। वह बहुत ही प्रवाहमय ढंग से अंग्रेजी पढ़ते हैं। यहां बच्चों की संख्या बेशक 45 से 50 के आसपास है, लेकिन शिक्षकों द्वारा दिया गया ज्ञान से बच्चे बेहतर पढ़ाई करते हैं।न