51...एमडीयू में अपनी मांगों को लेकर राज्यपाल के एडीसी से बात करते छात्र नेता। संवाद
रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय में हो रहे भ्रष्टाचार व गमलों के मामले को लेकर रविवार को छात्रों का एक प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल से मिला। उन्होंने अपनी मांगों का ज्ञापन राज्यपाल के ओएसडी को दिया। उन्होंने राज्यपाल से मांग की कि भ्रष्टाचार व गमलों के मामले की निष्पक्ष जांच की जाए। राज्यपाल के ओएसडी ने उच्चस्तरीय कमेटी बनाकर जांच करवाने का आश्वासन दिया।
छात्र संघर्ष समिति ने विवि प्रशासन पर वित्तीय अनियमितता और पद के दुरुपयोग के आरोप लगाए हैं। उनके मांगपत्र में प्रमुख आरोपों में गेट नंबर 4 के निर्माण और रोड पर मिट्टी डालने में करोड़ों रुपये का भ्रष्टाचार, ऑनलाइन टेंडर के बिना लाखों के ठेके देकर वित्तीय लाभ लेना, दयानंद वाटिका के नाम पर विश्वविद्यालय के संसाधनों का निजी हित में दोहन (गमलों की फैक्ट्री), फैकल्टी हाउस के नाम पर आए सामान को कुलपति आवास पर खर्च करना, अवैध रूप से 15,000 पेड़ों की कटाई और शिक्षक भर्ती में आरक्षण नीति की अनदेखी आदि शामिल हैं।
एमडीयू में महिला कर्मचारियों के साथ हुए अभद्र व्यवहार की निंदा की
एएमवीए छात्र संगठन के अध्यक्ष विक्रम सिंह डुमोलिया ने बताया कि एमडीयू में महिला सफाई कर्मचारियों के साथ बहुत ही अभद्र व्यवहार किया गया। उनके साथ जो किया गया वह इंसानियत को शर्मसार कर देने वाला मामला है। छात्र नेता दिनेश कांगड़ा, शहीद भगत सिंह छात्र संगठन के अध्यक्ष प्रदीप मोटा, वाल्मीकि महासभा के अध्यक्ष रमन पवार व अन्य ने इस मामले की कड़ी निंदा की। इस दौरान महिला कर्मचारियों व छात्र संगठनों ने मिलकर विरोध जताया।
विरोध बढ़ता देख विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत मौके पर पहुंचे और इस मामले में शामिल अधिकारियों के खिलाफ तुरंत प्रभाव से कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। कुलसचिव ने प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने के साथ कार्रवाई के लिए एक दिन की मोहलत मांगते हुए कहा कि दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
51...एमडीयू में अपनी मांगों को लेकर राज्यपाल के एडीसी से बात करते छात्र नेता। संवाद
51...एमडीयू में अपनी मांगों को लेकर राज्यपाल के एडीसी से बात करते छात्र नेता। संवाद